नई दिल्ली, फरवरी 13 -- यहां की पटियाला हाउस की विशेष एनआईए अदालत ने शुक्रवार को आतंकी साजिश के दो दोषियों को 15 साल की कैद की सजा सुनाई। इन दोषियों पर लश्कर के एक अन्य आतंकवादी, बहादुर अली, जो एक पाकिस्तानी नागरिक है, को लॉजिस्टिक सहायता, आश्रय और भोजन प्रदान करने का आरोप था। एनआईए के विशेष जज प्रशांत शर्मा ने जहूर अहमद पीर और नजीर अहमद पीर को यूएईपीए की धारा 18, 19 और 39 के तहत सजा सुनाई। उन्हें 18 दिसंबर 2025 को दोषी ठहराया गया। अदालत ने उन्हें आतंकी साजिश रचने, आतंकी संगठन के सदस्य को शरण देने और आतंकी संगठन का समर्थन करने का दोषी पाया। बहादुर अली ने अन्य आतंकियों के साथ मिलकर 2016 में आतंकवादी बुरहान वानी की हत्या के बाद भारत में आतंकी हमले करने के इरादे से घुसपैठ की थी। एनआईए ने जुलाई 2016 में भारत में आतंकी हमले करने की साजिश रचने क...