पटना, जनवरी 28 -- बीमार नवजातों को त्वरित एवं गुणवत्तापूर्ण उपचार मुहैया कराने के लिए राज्य के विभिन्न जिलों में चिन्हित 115 प्रथम रेफरल यूनिट (एफआरयू) में नवजात स्थिरीकरण इकाई (एनबीएसयू) बनेगी। इसको लेकर स्वास्थ्य विभाग ने सभी सिविल सर्जन को दिशा-निर्देश जारी किया है। सवास्थ्य मंत्री मंगल पांडेय ने बुधवार को प्रेस विज्ञप्ति जारी कर बताया कि समय से पहले जन्मे (प्री-टर्म), कम वजन और जन्म के समय श्वास कष्ट जैसी समस्याओं के कारण बड़ी संख्या में नवजातों की मृत्यु जन्म के पहले सप्ताह में हो जाती है। इन मौतों को रोकने के लिए एनबीएसयू की स्थापना एक निर्णायक पहल है। इससे बीमार नवजातों को त्वरित एवं गुणवत्तापूर्ण उपचार मिल सकेगा। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार नवजात शिशुओं के जीवन की रक्षा तथा उन्हें समय पर गुणवत्तापूर्ण और प्रभावी उपचार उपलब्ध कराने ...