रामनगर,03मार्च(वार्ता) उत्तराखंड के रामनगर में होली पर्व से एक दिन पूर्व वन प्रभाग पूरी तरह सतर्क नजर आ रहा है। पर्व के दौरान बढ़ती लापरवाही और जंगलों में सूखी पत्तियों के कारण आग लगने की आशंका को देखते हुए विभाग ने एहतियाती कदम तेज कर दिए हैं।
प्रभागीय वनाधिकारी (डीएफओ) ध्रुव मर्तोलिया के निर्देश पर वन विभाग की टीम लगातार जंगल क्षेत्रों में सक्रिय है। विभाग द्वारा वन क्षेत्रों में गिरी सूखी पत्तियों को एकत्र कर नियंत्रित तरीके से जलाया जा रहा है, ताकि अनियंत्रित वनाग्नि की घटनाओं को रोका जा सके। यह प्रक्रिया पूरी सावधानी और निगरानी के बीच की जा रही है, जिससे आग फैलने का कोई खतरा न रहे।
अधिकारियों का कहना है कि होली के दौरान कई बार लोग लापरवाही में जलती सामग्री या सिगरेट आदि जंगलों के आसपास फेंक देते हैं, जिससे आग भड़क सकती है। ऐसे में पहले से सूखी पत्तियों और ज्वलनशील सामग्री को हटाना या नियंत्रित रूप से निस्तारित करना बेहद जरूरी है।
वन विभाग की टीम द्वारा संवेदनशील क्षेत्रों में गश्त भी बढ़ा दी गई है। साथ ही कर्मचारियों को निर्देशित किया गया है कि किसी भी संदिग्ध गतिविधि या धुएं की सूचना तत्काल उच्चाधिकारियों को दें। विभाग ने आम जनता से भी अपील की है कि होली के अवसर पर जंगलों के आसपास आग न जलाएं और पर्यावरण संरक्षण में सहयोग करें।
वनाग्नि की घटनाएं न केवल वन संपदा को नुकसान पहुंचाती हैं, बल्कि वन्यजीवों के जीवन के लिए भी गंभीर खतरा बनती हैं। ऐसे में रामनगर वन प्रभाग का यह सक्रिय कदम पर्यावरण संरक्षण की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
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