हैदराबाद , फरवरी 01 -- हैदराबाद के फार्मा, डेयरी, स्वास्थ्य सेवा, शिक्षा, प्रौद्योगिकी, एनीमेशन एवं एमएसएमई क्षेत्रों के दिग्गजों ने केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा रविवार को प्रस्तुत केंद्रीय बजट 2026-27 का स्वागत किया है। उन्होंने इसे विकासोन्मुखी एवं जन-केंद्रित बजट कहा है जिसमें नवाचार, कौशल एवं समावेशी विकास पर विशेष जोर दिया गया है।
हेरिटेज फूड्स लिमिटेड की कार्यकारी निदेशक सुश्री ब्राह्मणी नारा ने कहा कि यह बजट विशेष रूप से पशु चिकित्सा अवसंरचना के विस्तार एवं ऋण-संबंधी सब्सिडी में वृद्धि के माध्यम से भारत के डेयरी एवं पशुधन क्षेत्रों के लिए एक महत्वपूर्ण मोड़ है,उन्होंने कहा कि इन उपायों से पशु स्वास्थ्य, उत्पादकता एवं सस्ते ऋण तक पहुंच में सुधार करके तीन लाख से अधिक किसान भागीदारों को फायदा होगा।
केआईएमएस अस्पताल के सीएमडी डॉ. बोलिनेनी भास्कर राव ने 17 कैंसर दवाओं एवं दुर्लभ बीमारियों की दवाओं पर बुनियादी सीमा शुल्क से छूट मिलने की सराहना करते हुए इसे जीवन रक्षक उपचारों तक पहुंच में सुधार की दिशा में एक बड़ा कदम बताया।
उन्होंने अवसंरचना में निरंतर निवेश का भी स्वागत किया और स्वास्थ्य सेवा वितरण एवं जीवन गुणवत्ता पर इसके सकारात्मक प्रभाव का उल्लेख किया।
इंडियन इम्युनोलॉजिकल्स लिमिटेड के प्रबंध निदेशक डॉ. के. आनंद कुमार ने 10,000 करोड़ रुपये की 'बायोफार्मा शक्ति' पहल को भारत के वैक्सीन एवं जैविक पारिस्थितिकी तंत्र के लिए एक निर्णायक क्षण बताया और कहा कि इससे आपूर्ति श्रृंखलाएं मजबूत होंगी और भारत को नवाचार-आधारित वैश्विक बायोफार्मा हब बनने के लिए तेजी आगे बढ़ने में मदद मिलेगी।
शिक्षा एवं प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में, नेक्सटवेव के सीईओ राहुल अटुलुरी और बाईटीएस्सएल के सीईओ करुण ताडेपल्ली ने कहा कि बजट में एआई, कौशल विकास एवं रोजगार क्षमता पर जोर देना डिग्री-केंद्रित शिक्षा से परिणाम-आधारित शिक्षा की ओर बदलाव का संकेत मिलता है, जो भारत को विकसित भारत की परिकल्पना के अंतर्गत भविष्य के लिए तैयार कार्यबल के अनुरूप बनाता है।
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