हरिद्वार , दिसंबर 15 -- उत्तराखंड में पर पर्वतीय इलाकों में जहां तेंदुओं व भालू का आतंक फैला हुआ है वहीं वन विभाग द्वारा इंसानों के लिए खतरा बन चुके तेंदुओं को बड़ी मशक्कत के बाद पिंजरे में कैद करके यहां चिड़ियापुर स्थित रेस्क्यू सेंटर में लाकर रखा जाता है जिनकी पूरी देखभाल की जाती है और उन्हें उनका पसंदीदा आहार मांस भी परोसा जाता है। इसके अलावा उन्हें चिकित्सा सुविधा भी दी जाती है ।
हरिद्वार के प्रभागीय वन अधिकारी स्वप्निल अनिरुद्ध ने सोमवार को कहा कि चिड़ियापुर स्थित रेस्क्यू सेंटर में फिलहाल 21 तेंदुए रखे गए हैं जिसमें कुछ नरभक्षी घोषित किए गए तेंदुए भी शामिल है इनकी वन विभाग द्वारा पूरी देखभाल की जाती है साथ ही घायल अवस्था में लाए गए तेंदुओं का भी यहां पर इलाज किया जाता है और उन्हें प्रतिदिन मांस भी परोसा जाता है घने जंगल में बनाए गए इस रेस्क्यू सेंटर में तेंदुओं को जंगल जैसा वातावरण देने का भी प्रयास किया जाता है।
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