हमीरपुर , अप्रैल 24 -- उत्तर प्रदेश में हमीरपुर जिले के कुरारा क्षेत्र में पेंशनधारक विधवा महिला को अभिलेखों में मृत दिखाने के मामले में ग्राम विकास अधिकारी (सचिव) को प्रतिकूल प्रविष्टि देते हुए कड़ी चेतावनी जारी की गई है। मुख्य विकास अधिकारी (सीडीओ) अरुण कुमार सिंह ने शुक्रवार को बताया कि भौली गांव निवासी रामराज ने जिलाधिकारी से शिकायत की थी कि उनकी विधवा मां माया देवी को पिछले 30 वर्षों से पेंशन मिल रही थी, लेकिन इस वर्ष सत्यापन सूची में ग्राम विकास अधिकारी मधु गुप्ता ने उन्हें मृत घोषित कर दिया, जिससे उनकी पेंशन बंद हो गई।
सीडीओ ने बताया कि मामले की जांच बीडीओ कुरारा और एडीओ पंचायत से कराई गई, जिसमें सचिव की रिपोर्ट गलत पाई गई। जांच में स्पष्ट हुआ कि माया देवी जीवित हैं और अपने घर में रह रही हैं। इतना ही नहीं, उन्हें मृत दिखाने के लिए अभिलेखों में हेराफेरी भी की गई थी।
उन्होंने कहा कि पात्र महिला को उसके अधिकार से वंचित करना घोर लापरवाही का प्रतीक है। इस मामले में सचिव को प्रतिकूल प्रविष्टि देते हुए कड़ी चेतावनी दी गई है। साथ ही सभी पेंशनधारकों की सूची का पुनः सत्यापन कराने के निर्देश दिए गए हैं।
इस घटना से पूरे ब्लॉक में हड़कंप मच गया है। जीवित व्यक्ति को अभिलेखों में मृत दिखाने जैसी घटनाएं पहले भी सामने आती रही हैं, जिससे प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
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