भागलपुर , फरवरी 08 -- ाल बहादुर शास्त्री राष्ट्रीय प्रशासन अकादमी मैसूर के निदेशक श्रीराम तारिणिकांता ने रविवार को कहा कि स्वच्छता किसी एक विभाग की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि समग्र प्रशासनिक एवं सामाजिक दायित्व है। श्री तारिणिकांता ने आज यहां स्वच्छता अभियान से जुड़े एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि मौजूदा समय में लेगेसी साइट्स की सफाई, ठोस अपशिष्ट प्रबंधन और जलस्रोतों का संरक्षण सतत विकास के लिए आवश्यक है। उन्होंने कहा कि सभी जगहों पर सार्वजनिक स्थलों की साफ-सफाई और पर्यावरण सुरक्षा से जुड़े कार्यों को प्राथमिकता दी जा रही है।
श्री कांता ने कहा कि स्वच्छता अभियान तभी सफल होगा, जब सभी स्तरों पर अनुशासन, समन्वय और नियमित निगरानी सुनिश्चित की जाए। आज स्वच्छ परिवेश न केवल स्वास्थ्य की दृष्टि से आवश्यक है, बल्कि इससे जिले की समग्र छवि और जीवन गुणवत्ता में भी सुधार होता है।
भागलपुर के प्रमंडलीय आयुक्त अवनीश कुमार सिंह ने कहा कि आज स्वच्छता सर्वोपरि है और सबो के सहयोग से इसे एक अभियान के रुप में व्यापक स्तर पर चलाने की जरुरत है। क्योंकि स्वच्छता राज्य और जिला प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता बन गई है।
जिलाधिकारी डॉ.नवल किशोर चौधरी ने कहा कि जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में स्थित तालाबों, झीलों, संपर्क पथों, सार्वजनिक स्थलों एवं लेगेसी साइट्स की नियमित सफाई सुनिश्चित करने पर विशेष बल दिया गया है तथा संबंधित अधिकारियों से कहा गया है कि इस कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
उप विकास आयुक्त प्रदीप कुमार सिंह ने जिले में चल रहे स्वच्छता अभियान की चर्चा करते हुए आम जनमानस की सहभागिता पर जोर दिया।
कार्यक्रम में उपस्थित अन्य अधिकारियों एवं गणमान्य लोगों ने भी अपने विचार व्यक्त किए।
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