भोपाल , दिसंबर 05 -- मध्यप्रदेश के रतलाम जिले में आठवीं कक्षा के एक छात्र द्वारा स्कूल में मोबाइल ले जाने पर प्राचार्य की डांट के बाद आत्महत्या की कोशिश संबंधित मामले के आज विधानसभा में गूंजने के बीच राज्य सरकार ने बताया कि स्कूली बच्चों में मोबाइल के उपयोग को लेकर सरकार जागरुकता अभियान चलाएगी।

रतलाम के जावरा से भारतीय जनता पार्टी विधायक डॉ राजेंद्र पांडेय ने अपनी ध्यानाकर्षण सूचना के माध्यम से ये मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि जिस बच्चे ने आत्महत्या की कोशिश की, वह राष्ट्रीय स्तर का खिलाड़ी था और उसने स्कूल में मोबाइल ले जाने की अपनी गलती पर प्राचार्य से लगभग 50 बार क्षमायाचना भी की। इसके बाद भी शिक्षकों का दिल नहीं पसीजा, इस पर बच्चे ने घबरा कर स्कूल की बिल्डिंग से छलांग लगा दी। साथ ही उन्होंने निजी स्कूलों की मनमानी का संदर्भ देते हुए कहा कि रतलाम जिले के एक स्कूल के वॉशरूम में सीसीटीवी कैमरा लगा दिए गए और एक स्कूल में दुष्कर्म के प्रयास का मामला भी सामने आया।

स्कूल शिक्षा मंत्री उदय प्रताप सिंह ने कहा कि रतलाम जिले की ये घटना छात्र द्वारा रील बनाने पर समझाइश देने के परिणाम में हुई। उन्होंने कहा कि सरकार मोबाइल के दुरुपयोग पर जागरुकता अभियान चलाएगी। संबंधित प्राचार्य को निलंबित कर उसके खिलाफ एफआईआर कराई गई है। साथ ही उन्होंने कहा कि ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति ना हो, सरकार इसके लिए निर्देश जारी कर रही है।

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