सोनभद्र , अप्रैल 02 -- सोनभद्र जिले की साइबर क्राइम थाना पुलिस ने नीट/एमबीबीएस में दाखिला दिलाने के नाम पर करोड़ों रुपये की ठगी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश करते हुए तीन अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों को लखनऊ से पकड़ा गया। पुलिस अधीक्षक अभिषेक वर्मा ने बताया कि एक पीड़ित छात्र ने शिकायत दर्ज कराई थी कि अज्ञात व्यक्तियों ने उसे मेडिकल कॉलेज में पक्की सीट दिलाने का झांसा देकर विभिन्न चरणों में उससे करीब 22 लाख रुपये ठग लिए। इस पर साइबर क्राइम थाना में आईटी एक्ट सहित संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की गई।

जांच के दौरान पुलिस ने बैंक खातों का विश्लेषण, कॉल डिटेल, लोकेशन ट्रैकिंग और डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों की पहचान की। इसके बाद पुलिस टीम ने लखनऊ के चारबाग बस स्टैंड के पास दबिश देकर तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।

पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वे कोचिंग संस्थानों और कॉलेजों का डेटा हासिल कर परीक्षार्थियों से टेलीकॉलर के जरिए संपर्क करते थे। इसके बाद उन्हें लखनऊ स्थित अपने कार्यालय बुलाकर अच्छे मेडिकल कॉलेज में दाखिला दिलाने का झांसा देकर उनसे पैसे वसूलते थे।

गिरफ्तार आरोपियों की पहचान संचित चंद्रा (कृष्णानगर, लखनऊ), विनय कुमार मौर्य (नेवाजगंज, लखनऊ) और आकाश सिन्हा (सिकंदराबाद, आंध्र प्रदेश) के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार संचित चंद्रा पर छह और विनय मौर्य पर एक आपराधिक मुकदमा पहले से दर्ज है।

पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से सात एंड्रॉयड मोबाइल फोन, विभिन्न बैंकों के सात एटीएम कार्ड, बैंक जमा रसीदें और एचडीएफसी बैंक का एक सादा चेक बरामद किया है। एसपी ने बताया कि गिरोह द्वारा की गई ठगी की कुल रकम करोड़ों में होने की आशंका है, जिसकी जांच जारी है।

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