रांची , मार्च 13 -- झारखंड के साहिबगंज जिले के राजमहल थाना क्षेत्र अंतर्गत सरकंडा गांव निवासी सेंटु चौरसिया के दो मासूम बेटों का शव शुक्रवार को गंगा नदी से बरामद होने के बाद पूरे इलाके में शोक की लहर दौड़ गई।

मृतकों की पहचान आठ वर्षीय आर्यन कुमार और छह वर्षीय राघव कुमार के रूप में हुई है। घटना की जानकारी मिलते ही गंगा तट पर ग्रामीणों की भारी भीड़ जुट गई। लोग इस दर्दनाक घटना पर शोक व्यक्त करते नजर आए। सूचना मिलने पर राजमहल थाना के एएसआई सिकंदर तिर्की पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और दोनों बच्चों के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।

गुरुवार शाम को ही दोनों बच्चों के नदी में डूबने की आशंका जताई गई थी। थाना प्रभारी हसनैन अंसारी की मौजूदगी में गंगा नदी में मछली पकड़ने वाले जाल से देर रात तक खोजबीन की गई, लेकिन अंधेरा होने के कारण शव नहीं मिल सका। शुक्रवार दोपहर नदी में एक बच्चे का शव पानी पर तैरता हुआ दिखाई दिया, जिसके बाद ग्रामीणों की भीड़ गंगा तट पर उमड़ पड़ी।

इसके बाद दूसरे बच्चे की तलाश के लिए गोताखोरों को लगाया गया। कुछ ही देर बाद दूसरे बच्चे का शव भी नदी से बाहर निकाल लिया गया। दोनों मासूमों के शव मिलते ही परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। मां प्रियंका देवी, पिता सेंटु चौरसिया सहित नाना, नानी, मामा और मामी शव से लिपटकर बिलखते रहे। मां और नानी की चीख-पुकार से माहौल बेहद मार्मिक हो गया।

मृत बच्चों की मां प्रियंका देवी ने बताया कि गुरुवार दोपहर से ही दोनों बेटे घर से गायब थे। देर शाम तक जब वे घर नहीं लौटे तो परिजनों ने उनकी तलाश शुरू की। काफी खोजबीन के बाद भी कोई पता नहीं चल सका। इसी बीच शाम करीब छह बजे एक व्यक्ति ने गंगा तट पर बच्चों की चप्पल और कपड़े पड़े होने की सूचना दी, जिन्हें देखकर परिजनों को अनहोनी की आशंका हुई।

राजमहल थाना प्रभारी हसनैन अंसारी ने बताया कि मामले में यूडी केस दर्ज कर जांच की जा रही है। प्रारंभिक साक्ष्यों से प्रतीत होता है कि दोनों बच्चे गंगा स्नान करने के लिए नदी किनारे गए थे और इसी दौरान हादसा हो गया। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया है तथा पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है।

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित