बैतूल , अप्रैल 5 -- मध्यप्रदेश के बैतूल जिले स्थित सारनी के सतपुड़ा ताप विद्युत गृह में पुरानी इकाइयों के डिस्मेंटलिंग कार्य के दौरान देर रात आग लगने की घटना सामने आई, जिसमें केबल जल गए, हालांकि किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई।
आधिकारिक सूत्रों के अनुसार ताप विद्युत गृह की लगभग चार दशक पुरानी यूनिट क्रमांक 6, 7, 8 और 9 को हटाने का कार्य जारी है। इसी दौरान देर रात करीब डेढ़ बजे शॉर्ट सर्किट होने से अचानक आग भड़क उठी और केबल जलने लगे, जिससे मौके पर अफरा-तफरी की स्थिति बन गई।
घटना के समय ड्यूटी पर तैनात निजी सुरक्षा गार्ड ने तत्परता दिखाते हुए तुरंत प्लांट के अग्निशमन विभाग को सूचना दी। सूचना मिलते ही दमकल दल मौके पर पहुंचा और करीब आधे घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पा लिया गया।
सूत्रों ने बताया कि डिस्मेंटलिंग का कार्य कोलकाता की एक निजी कंपनी द्वारा लगभग 342 करोड़ रुपये की लागत से किया जा रहा है। इस दौरान कार्यस्थल पर सुरक्षा मानकों की अनदेखी के आरोप भी सामने आए हैं। बताया गया है कि कुछ मजदूर बिना आवश्यक सुरक्षा उपकरणों के कार्य कर रहे थे तथा उनके सत्यापन को लेकर भी सवाल उठे हैं।
प्राथमिक जांच में स्विच बोर्ड में शॉर्ट सर्किट को आग लगने का कारण माना गया है। अग्निशमन विभाग के अधिकारी जगदीश शेंडे ने बताया कि सूचना मिलते ही टीम ने तत्काल पहुंचकर स्थिति को नियंत्रित कर लिया।
वहीं सेफ्टी ऑफिसर अमित बंसोड़ ने कहा कि कर्मचारियों को कार्य प्रारंभ करने से पूर्व सुरक्षा नियमों की जानकारी दी गई थी और उपकरणों का उपयोग अनिवार्य किया गया था। उन्होंने कहा कि पूरे मामले की जांच की जाएगी और लापरवाही पाए जाने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
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