देहरादून , दिसम्बर 18 -- सहकारिता मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने गुरुवार को सहकारिता विभाग की समीक्षा बैठक में राज्य सहकारी बैंक के बढ़ते गैर-निष्पादित परिसंपत्ति (एनपीए) को गंभीर विषय बताया।
डॉ. रावत ने अधिकारियों को बड़े एनपीए खातों की जल्द बैठक करके प्रभावी वसूली की कार्यवाही सुनिश्चित करने को कहा है। उन्होंने अधिकारियों से 21 सहकारी समितियों से संबंधित विशेष जांच टीम (एसआईटी) को जांच के आदेशों के क्रम में अब तक की गई कार्रवाई की जानकारी ली और जांच प्रक्रिया में पूरी पारदर्शिता अपनाने को कहा।
डॉ. रावत आगामी दिनों में देहरादून, ऊधम सिंह नगर एवं टिहरी जिले में आयोजित होने वाले सहकारिता मेलों की तैयारियों की भी समीक्षा करते हुए सभी व्यवस्थाएं समय से पूरी करने को कहा है। उन्होंने कहा कि तीनों जिलों में सहकारिता मेले भव्य एवं सुव्यवस्थित रूप में आयोजित किए जाएंगे, जिससे सहकारिता आंदोलन की उपलब्धियां आमजन तक प्रभावी रूप से पहुंच सकें।
सहकारिता मंत्री ने कहा कि सहकारिता विभाग राज्य की आर्थिक एवं ग्रामीण विकास व्यवस्था की रीढ़ है और विभाग की कार्यप्रणाली में पारदर्शिता, अनुशासन एवं जनविश्वास सबसे ऊपर होना चाहिए।
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