लखीमपुर खीरी , अप्रैल 14 -- संविधान निर्माता और भारत रत्न डॉ. भीमराव आंबेडकर की जयंती मंगलवार को लखीमपुर में श्रद्धा, सम्मान और उत्साह के साथ मनाई गई। जिला मुख्यालय सहित सभी तहसीलों और ब्लॉक मुख्यालयों पर विभिन्न कार्यक्रम आयोजित कर बाबा साहब को श्रद्धांजलि अर्पित की गई। जिला मुख्यालय स्थित कलेक्ट्रेट के अटल सभागार में आयोजित कार्यक्रम में जिलाधिकारी दुर्गा शक्ति नागपाल, अपर जिलाधिकारी नरेंद्र बहादुर सिंह, अपर जिलाधिकारी (न्यायिक) ब्रजपाल सिंह, उपजिलाधिकारी युगांतर त्रिपाठी, अर्चना ओझा, शुभेंदु शेखर, डिप्टी आरएमओ नमन पाण्डेय, सहायक श्रमायुक्त मयंक सिंह तथा अन्य अधिकारियों, कर्मचारियों और गणमान्य लोगों ने डॉ. आंबेडकर के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित की।
जिलाधिकारी दुर्गा शक्ति नागपाल ने कहा कि डॉ. आंबेडकर ने समाज को मुख्यधारा से जोड़ने और संविधान निर्माण में ऐतिहासिक योगदान दिया, जिसे कभी भुलाया नहीं जा सकता। उन्होंने कहा कि बाबा साहब को सच्ची श्रद्धांजलि तभी होगी, जब हम उनके बताए मार्ग पर चलकर समाज को आगे बढ़ाएं।
अपर जिलाधिकारी नरेंद्र बहादुर सिंह ने कहा कि डॉ. आंबेडकर केवल संविधान निर्माता ही नहीं, बल्कि सामाजिक न्याय, समानता और मानवाधिकारों के सशक्त प्रहरी थे। उनका जीवन संघर्ष, शिक्षा और समाज सेवा की मिसाल है। उन्होंने कहा कि उनके सिद्धांतों और आदर्शों को जीवन में आत्मसात करने की आवश्यकता है।
जिले की सभी तहसीलों और ब्लॉक मुख्यालयों पर भी कार्यक्रम आयोजित किए गए, जहां अधिकारियों, कर्मचारियों और नागरिकों ने बाबा साहब की प्रतिमाओं पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि दी। कई स्थानों पर गोष्ठियां एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम भी आयोजित किए गए।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित