अलवर , फरवरी 16 -- राजस्थान में अलवर जिले के भिवाड़ी के खुशखेड़ा औद्योगिक क्षेत्र में सोमवार को जिस फैक्ट्री में आग लगने से सात श्रमिकों की मौत हुई है, वह वस्त्र फैक्ट्री के नाम से पंजीकृत थी, लेकिन उसमें छोटे पटाखे बनाने की बात सामने आयी है।
जिला कलेक्टर आर्तिका शुक्ला ने मौके पर पहुंचने के बाद पत्रकारों से कहा कि मृतक मोतिहारी बिहार के रहने वाले हैं। यह कंपनी फैक्ट्री अधिनियम के तहत कवर नहीं होती है। इसके लिये 20 से ज्यादा अधिक श्रमिक होने चाहिए। इसमें 10 से कम मजदूर काम कर रहे थे।
उन्होंने कहा कि मौके से नमूने लिये गये हैं, जिनकी विधि विज्ञान प्रयोगशाला (एफएसएल) में जांच की जा रही है। इसकी जल्द रिपोर्ट आ जाएगी। रिको द्वारा इस मामले में मामला दर्ज कराया जाएगा। मृतकों में फिलहाल पांच लोगों की शिनाख्त हो गयी है। सभी मृतकों के परिजनों को नियमानुसार सहायता दी जाएगी।
श्रीमती शुक्ला ने कहा कि इस मामले में फैक्ट्री संचालक की तलाश की जा रही है। प्रबंधक से बात हुई है, उसे मौके पर बुलाया गया है।
उन्होंने बताया कि यह वस्त्र फैक्ट्री के रूप में दर्ज है, लेकिन इसके अंदर छोटे पटाखे बनाये जाने की बात सामने आ रही है, इसकी पूरी जांच की जायेगी। साथ ही यहां यह बात भी सामने आ रही है कि जिस वक्त यह हादसा हुआ, यह फैक्ट्री बाहर से बंद थी। अन्यथा मजदूरों की जान बच सकती थी।
उन्होंने कहा कि सभी औद्योगिक क्षेत्र में इस बात की जांच की जाएगी, कि जो फैक्ट्री जिस नाम से पंजीकृत है, उसमें वही काम हो रहा है या नहीं।
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