नयी दिल्ली , फरवरी 17 -- दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने 802 करोड़ रुपये की परियोजना को मंगलवार को मंजूरी दी जिससे राजधानी की सड़कों को गड्ढामुक्त, समतल और लंबे समय तक टिकाऊ बनाया जाएगा।
श्रीमती गुप्ता ने आज कहा कि उन्नत तकनीक के माध्यम से दिल्ली की 241 से अधिक प्रमुख सड़कों का पुनर्विकास किया जाएगा। उन्होंने कहा कि इस परियोजना में केंद्र सरकार का भरपूर सहयोग है। सभी सड़कों को 'वॉल-टू-वॉल कारपेटिंग' मॉडल के तहत विकसित किया जाएगा, ताकि सड़क निर्माण का काम आधा-अधूरा न रह जाए, बल्कि पूरी चौड़ाई में समान गुणवत्ता सुनिश्चित हो। यह पहल राजधानी को सुरक्षित, सुव्यवस्थित और भविष्य के लिए तैयार बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। योजना के तहत, 45 से ज्यादा विधानसभाओं की लगभग 400 किलोमीटर की प्रमुख सड़कें सुधारी जाएंगी।
उन्होंने कहा कि अक्सर सड़कों पर केवल बीच का हिस्सा ठीक किया जाता है या जहां गड्ढे होते हैं वहीं पैचवर्क कर दिया जाता है। इससे कुछ समय बाद सड़क फिर खराब हो जाती है। नयी प्रणाली में पूरी सड़क को एक समान रूप से 'वॉल-टू-वॉल' तैयार किया जाएगा, जिससे उसकी मजबूती और आयु दोनों बढ़ेगी। उन्होंने बताया कि पूरी चौड़ाई में समतल और सीलबंद सतह बनने से धूल और वायु प्रदूषण में भी उल्लेखनीय कमी आएगी। टूटी-फूटी सड़कों से वाहनों की आवाजाही के दौरान मिट्टी और बारीक कण हवा में उड़ते हैं, जो प्रदूषण का बड़ा कारण बनते हैं। अब नए तरीके से सड़कों को बनाने से हवा में उड़ने वाले पार्टिकुलेट मैटर (पीएम) के स्तर को कम करने में मदद मिलेगी और आसपास के क्षेत्रों में स्वच्छता व वायु गुणवत्ता बेहतर होगी।
मुख्यमंत्री ने बताया कि इस पूरी परियोजना को साल के अंत तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। काम को चरणबद्ध तरीके से आगे बढ़ाया जाएगा ताकि ट्रैफिक पर कम से कम असर पड़े और लोगों को असुविधा न हो। यह कार्य दिल्ली सरकार के लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) द्वारा करीब 45 विधानसभाओं में किया जाएगा। परियोजना की कुल लागत 802.18 करोड़ रुपये है। उन्होंने इस परियोजना का उद्देश्य केवल मरम्मत नहीं, बल्कि स्थायी समाधान देना है। सड़क की बेस लेयर की जांच, आवश्यकतानुसार सुदृढ़ीकरण, जल निकासी की व्यवस्था और अंतिम कारपेटिंग जैसे सभी चरणों को तकनीकी मानकों के अनुसार पूरा किया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि मजबूत सड़कें किसी भी शहर की विकास यात्रा की रीढ़ होती हैं। बेहतर सड़कें होंगी तो यातायात सुगम होगा, दुर्घटनाएं कम होंगी और लोगों का समय बचेगा। उनकी सरकार दिल्ली को आधुनिक और व्यवस्थित राजधानी बनाने के लिए लगातार ठोस कदम उठा रही है। सरकार का मानना है कि इस व्यापक सड़क पुनर्विकास अभियान से न केवल यातायात व्यवस्था बेहतर होगी, बल्कि दिल्ली की समग्र छवि और शहरी ढांचा भी सुदृढ़ होगा।
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