जम्मू , जनवरी 16 -- जम्मू-कश्मीर युवा सेवा एवं खेल निदेशालय शनिवार और रविवार को कन्वेंशन सेंटर में 'सृजन' थीम पर पहले दो दिवसीय राष्ट्रीय खेल सम्मेलन का आयोजन करने जा रहा है। निदेशालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि यह राष्ट्रीय स्तर का सम्मेलन राष्ट्रीय खेल नीति 2025 की परिकल्पना के अनुरूप जम्मू-कश्मीर में खेलों के भविष्य को नई दिशा देने के उद्देश्य से आयोजित किया जा रहा है।
अधिकारी ने कहा कि हाल के वर्षों में जम्मू-कश्मीर में विश्वस्तरीय खेल अवसंरचना, जमीनी स्तर पर अभूतपूर्व भागीदारी और मजबूत प्रतिभा पहचान प्रणाली के रूप में जो परिवर्तन देखने को मिला है, यह सम्मेलन उसी गति को राष्ट्रीय मंच तक ले जाने का प्रयास है। इसका उद्देश्य जम्मू-कश्मीर को खेल उत्कृष्टता और समावेशन के एक उभरते केंद्र के रूप में स्थापित करना है।
उन्होंने बताया कि दो दिवसीय सम्मेलन में नीति-निर्माता, विभिन्न राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के प्रतिनिधि, प्रमुख संस्थान और अनुभवी खेल विशेषज्ञ शामिल होंगे। सम्मेलन का एजेंडा खेल प्रशासन में सर्वोत्तम प्रथाओं को साझा करने, जनभागीदारी बढ़ाने और सतत उत्कृष्टता के लिए मजबूत प्रणालियों के निर्माण पर केंद्रित रहेगा।
अधिकारी के अनुसार, मुख्य चर्चाएं राष्ट्रीय खेल नीति 2025 के प्रभावी क्रियान्वयन और खेलों को युवा विकास, सामाजिक एकता तथा राष्ट्र निर्माण के एक सशक्त माध्यम के रूप में उपयोग करने की रणनीतियों पर होंगी।
यह सम्मेलन जम्मू-कश्मीर के मुख्य सचिव के निर्देशों के तहत तैयार वार्षिक गतिविधि कैलेंडर का हिस्सा है। इसका आयोजन युवा सेवा एवं खेल विभाग की आयुक्त सचिव यशा मुद्गल के नेतृत्व में तथा विभाग की महानिदेशक अनुराधा गुप्ता की निगरानी में किया जा रहा है।
कार्यक्रम की सफलता सुनिश्चित करने के लिए कई समर्पित समितियां सक्रिय रूप से कार्य कर रही हैं। इस ऐतिहासिक आयोजन की गरिमा बढ़ाने के लिए देश के प्रतिष्ठित खेल आइकॉन भी मौजूद रहेंगे, जिनमें भारत के पहले व्यक्तिगत ओलंपिक स्वर्ण पदक विजेता अभिनव बिंद्रा शामिल हैं। इसके अलावा, ओलंपिक में पदक जीतने वाली पहली भारतीय महिला कर्णम मल्लेश्वरी भी सम्मेलन की शोभा बढ़ाएंगी। राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बना चुके कई स्थानीय खिलाड़ी भी इसमें भाग लेंगे।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित