नयी दिल्ली , फरवरी 9 -- पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने सोमवार को राज्य सभा में बताया कि सरकार देश की ऊर्जा जरूरतों के लिए आपूर्ति को पर्याप्त , भरोसेमंद और उचित लागत पर बनाए रखने की नीति को आगे बढ़ा रहा है और भारत अपनी जरूरत का 10 प्रतिशत रसोईं गैस अमेरिका से खरीदेगा।
श्री पुरी ने सदन में प्रश्नकाल के दौरान अपने मंत्रालय से जुड़े अनुपूरक प्रश्नों के जवाब में यह भी बताया कि इस समय देश में कुल 26 करोड़ टन की पेट्रोलियम शोधन क्षमता है जो आगे चल कर 40 करोड़ टन तक पहुंच जाएगी। उन्होंने कहा कि भारत तेल शोधन के क्षेत्र में चौथी बड़ी क्षमता वाले देश के रूप में आगे और मजबूत स्थिति में होगा।
श्री पुरी ने एक प्रश्न के उत्तर के दौरान कहा देश की जरूरत की 10 प्रतिशत रसोईं गैस (एलपीजी) अमेरिका से आयात करने का करार किया गया है जबकि भारत पेट्रोलियम पदार्थों के क्षेत्र में पांचवां सबसे बड़ा निर्यातक है। उन्होंने कहा कि भारत में एलपीजी कनेक्शन की संख्या 2024 में 14 करोड़ के आस पास भी जो अब 33 करोड़ तक पहुंच गयी है।
श्री पुरी ने गुजरात क्षेत्र में निकलने वाले कच्चे तेल के शोधन के लिए पाटन के आस पास नयी रिफाइनरी लगाने के सुझाव के बारे में कहा कि भारत में तेल-शोधन कारखानों का क्षेत्र के हिसाब से प्रसार बहुत संतुलित है। देश में इस समय कुल पेट्रोलियम शोधन क्षमता 26 करोड़ टन की है और इस समय चल रही परियोजनाओं के पूरा होने पर यह 32 करोड़ टन तक पहुंच जाएगी।
पेट्राेलियम मंत्री ने कहा कि आगे चल कर देश में पेट्रोलियम परिशोधन क्षमता के 40 करोड़ टन तक पहुंचने की संभावना है और भारत इस क्षेत्र में चार प्रमुख देशों में एक मजबूत क्षमता वाला देश होगा। उन्होंने कहा कि गुजरात में नायरा एनर्जी और रिलायंस इंडस्ट्रीज की क्रमश: दो करोड़ टन और 3.5 करोड़ टन की बड़ी क्षमता की दो रिफाइनरी पहले से ही काम कर रही है। उन्होंने कहा कि आने वाले समय में बहुत से देशों में , जहां तेल शोधन क्षमता कम है, तेल शोधन का काम आर्थिक रूप से शायद व्यावहारिक न रह जाए1एक अन्य प्रश्न के उत्तर में श्री पुरी ने कहा कि देश का आरक्षित पेट्रोलियम भंडार 74 दिन की जरूरत के लिए पर्याप्त है जो आगे चल कर और बढ सकता है। उन्होंने कहा कि अंतराष्ट्रीय ऊर्जा एजेंसी ने देशों के लिए 90 दिन के पेट्रोलियम रिजर्व की सिफारिश की है। उन्होंने कहा कि भारत तेल का उत्पादन भी करता है।
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