मुंबई , जनवरी 22 -- बॉम्बे उच्च न्यायालय ने यूके में रहने वाले डॉक्टर और यूट्यूबर संग्राम पाटिल की याचिका पर मुंबई पुलिस को नोटिस जारी किया, जिन्होंने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेताओं को लक्ष्य करने वाली आपत्तिजनक सोशल मीडिया पोस्ट को लेकर अपने खिलाफ दर्ज प्राथमिकी को रद्द करने की मांग की है।

श्री पाटिल ने पुलिस द्वारा जारी किए गए लुक आउट सर्कुलर को भी चुनौती दी है, जिसके कारण उन्हें देश छोड़ने से रोका गया था। यह मामला न्यायमूर्ति अश्विन भोबे की एकल पीठ के सामने आया, जिसने पुलिस को याचिका के जवाब में एक हलफनामा दाखिल करने का निर्देश दिया और मामले की अगली सुनवाई के लिए 4 फरवरी की तारीख तय की।

याचिकाकर्ता की ओर से पेश हुए वकील सुदीप पासबोला ने अदालत को बताया कि जब श्री पाटिल यूनाइटेड किंगडम से भारत आए थे, तब उन्हें प्राथमिकी के बारे में पता भी नहीं था और वह अपनी मर्जी से आए थे। वकील ने तर्क दिया कि श्री पाटिल की यात्रा पर लगातार प्रतिबंध लगाना गलत है, खासकर तब जब वह जांच में सहयोग कर रहे थे।

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