भोपाल , दिसंबर 18 -- मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि मोबाइल फॉरेंसिक वैन के माध्यम से प्रदेश में अपराध अनुसंधान, साक्ष्य संकलन और वैज्ञानिक विवेचना की क्षमता को तकनीकी रूप से और अधिक सुदृढ़ किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने पुलिस मुख्यालय भोपाल से मोबाइल फॉरेंसिक वैनों को झंडी दिखाकर रवाना किया।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मोबाइल फॉरेंसिक वैन मध्यप्रदेश के विभिन्न जिलों में सीन ऑफ क्राइम के इन्वेस्टिगेशन में अत्यंत कारगर सिद्ध होंगी। फॉरेंसिक आधारित, त्वरित और सटीक विवेचना को बढ़ावा मिलने से अपराधों के शीघ्र खुलासे, दोषसिद्धि दर में वृद्धि और नागरिकों में सुरक्षा का भरोसा मजबूत होगा।

मध्यप्रदेश पुलिस को कुल 57 मोबाइल फॉरेंसिक वैन उपलब्ध कराई जा रही हैं, जिनकी कुल लागत 36 करोड़ 94 लाख 17 हजार 969 रुपये है। यह राशि केंद्र सरकार द्वारा प्रदाय की गई है। इनमें से 14 मोबाइल फॉरेंसिक वैन 16 दिसंबर 2025 को प्राप्त हुईं, जिन्हें रवाना किया गया है। शेष वैन भी शीघ्र ही जिलों को उपलब्ध कराई जाएंगी।

मोबाइल फॉरेंसिक वैन अत्याधुनिक उपकरणों से सुसज्जित हैं। इनमें स्टीरियो माइक्रोस्कोप, वेइंग बैलेंस, डीएसएलआर कैमरा, मिनी फ्रिज, एलईडी टीवी स्क्रीन, थर्मल प्रिंटर, बॉडी-वॉर्न कैमरा सहित आवश्यक उपकरण उपलब्ध हैं। इसके साथ ही जांच किट, अपराध स्थल सुरक्षा किट, फिंगर प्रिंट, रक्त एवं बाल पहचान, हाई इंटेंसिटी फॉरेंसिक लाइट सोर्स, पैर व टायर निशान, आगजनी, साक्ष्य पैकिंग, बुलेट होल, गनशॉट अवशेष, नशीले पदार्थ, विस्फोटक पहचान तथा डीएनए कलेक्शन और चेन ऑफ कस्टडी से संबंधित किट भी शामिल हैं।

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