रायपुर , अप्रैल 16 -- ) छत्तीसगढ़ के उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने कहा है कि महिला आरक्षण देश में महिला सशक्तिकरण को नयी दिशा देने वाला ऐतिहासिक कदम है, जो नए भारत के निर्माण को गति देगा।

श्री साव ने विश्वास जताया कि लोकसभा में इस संशोधन विधेयक पर 16 और 17 अप्रैल को होने वाली चर्चा के बाद इसे सर्वसम्मति से पारित किया जाएगा।

नवा रायपुर अटल नगर स्थित शासकीय निवास कार्यालय में गुरुवार को संवाददाताओं से चर्चा करते हुए श्री साव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार ने महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए 'बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ', 26 सप्ताह का मातृत्व अवकाश और 'लखपति दीदी' जैसी कई महत्वपूर्ण पहलें की हैं। महिला आरक्षण भी इसी कड़ी में एक युगांतकारी निर्णय है, जिससे महिलाओं की भागीदारी बढ़ेगी।

समान नागरिक संहिता (यूसीसी) को लेकर उठ रहे सवालों पर उन्होंने कहा कि यह कानून समानता और सामाजिक समरसता को बढ़ावा देने वाला है। इससे किसी भी वर्ग, विशेषकर आदिवासी समाज को कोई नुकसान नहीं होगा। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस इस मुद्दे पर भ्रम और अफवाह फैलाने का प्रयास कर रही है।

श्री साव ने कहा कि कांग्रेस ने तुष्टीकरण की राजनीति के तहत बाबा साहब डॉ. भीमराव अंबेडकर के समानता के अधिकारों को दरकिनार किया। उन्होंने संविधान के अनुच्छेद 14 और 16 का उल्लेख करते हुए कहा कि इनमें सभी नागरिकों को धर्म, जाति, लिंग और रंग के आधार पर भेदभाव से मुक्त समान अधिकार देने का प्रावधान है। राज्य सरकार इन्हीं सिद्धांतों को आगे बढ़ाने के लिए यूसीसी लागू करने की दिशा में कदम उठा रही है।

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