महासमुंद , दिसंबर 18 -- महासमुंद में जनजातीय गौरव दिवस के अवसर पर तहसील कार्यालय के समीप शहीद वीर नारायण सिंह की प्रतिमा स्थापित करने के लिए भूमिपूजन कार्यक्रम गुरुवार को संपन्न हुआ। कार्यक्रम की शुरुआत आदिवासी समाज के परंपरागत पूजा-पाठ के साथ की गई।

इस कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ के आदिम जाति विकास एवं कृषि मंत्री रामविचार नेताम मुख्य आतिथि थे और इसकी अध्यक्षता महासमुंद विधायक योगेश्वर राजू सिन्हा ने की। आयोजन छत्तीसगढ़ अनुसूचित जनजाति शासकीय सेवक विकास संघ जिला महासमुंद, 52 गढ़ गोंड समाज महासमुंद एवं आदिवासी समाज महासमुंद के संयुक्त तत्वावधान में संपन्न हुआ।

अपने संबोधन में कृषि मंत्री रामविचार नेताम ने कहा कि गुरु घासीदास जयंती पूरे देश में मनाई जा रही है और इसी विशेष अवसर पर जनजातीय गौरव दिवस का आयोजन होना गौरव का विषय है। उन्होंने कहा कि यह देश के लिए अमृत काल का समय है और प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के मंशानुरूप जनजातीय समाज के गौरव, उत्थान और विकास के लिए निरंतर कार्य किए जा रहे हैं।

उन्होंने बताया कि नवा रायपुर में 50 करोड़ रुपये की लागत से जनजातीय समाज के योगदान को अमिट रूप से सहेजने हेतु भव्य म्यूजियम का निर्माण किया जा गया है, जिसे देखने देशभर से लोग आ रहे हैं। इसके साथ ही देश में जनजातीय उत्थान और विकास के लिए लगभग 80 हजार करोड़ रुपये का बजट निर्धारित किया गया है। राज्य में धरती आबा योजना और पीएम जनमन योजना के माध्यम से आदिवासी गांवों में सड़क, बिजली, पानी और रोजगार की सुविधाएं सुनिश्चित की जा रही हैं।

कृषि मंत्री ने कहा कि समाज को आगे बढ़ाने में कृषि विभाग की महत्वपूर्ण भूमिका है। किसानों को एकीकृत कृषि आधारित खेती अपनाने, पशुपालन एवं गाय पालन के लिए प्रोत्साहित किया जा रहा है। युवाओं के लिए दिल्ली में निःशुल्क कोचिंग की व्यवस्था की गई है तथा प्रयास स्कूल के माध्यम से बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराई जा रही है। उन्होंने कृषि, पशुपालन और उद्यानिकी विभाग की विभिन्न योजनाओं का लाभ उठाने की अपील की।

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