बाराबंकी , फरवरी 9 -- महाशिवरात्रि पर्व नजदीक आते ही बाराबंकी स्थित प्रसिद्ध लोधेश्वर महादेवा मंदिर में कांवरियों का आगमन शुरू हो गया है। मंदिर की ओर जाने वाले मार्गों पर कंधों पर रंग-बिरंगी कांवर और पैरों में घुंघरू बांधे श्रद्धालु 'बम भोले' के जयघोष के साथ पहुंच रहे हैं।

श्रद्धालु कानपुर के बिठूर से गंगाजल लाकर भगवान शिव का जलाभिषेक एवं श्रृंगार करते हैं और मनोकामना पूर्ति की प्रार्थना करते हैं। कांवरियों का मानना है कि यहां सच्चे मन से मांगी गई मुराद पूरी होती है। कानपुर, इटावा, अमेठी, सीतापुर, उरई, जालौन और उन्नाव सहित विभिन्न जनपदों से श्रद्धालु पैदल यात्रा कर लोधेश्वर महादेव पहुंच रहे हैं। कुछ श्रद्धालु महाशिवरात्रि से पूर्व ही जलाभिषेक कर लौट जाते हैं, जबकि कई भक्त शिवरात्रि के दिन चार पहर की पूजा के लिए रुकते हैं।

श्रद्धालुओं की बढ़ती संख्या को देखते हुए जिला प्रशासन ने सुरक्षा और यातायात व्यवस्था के विशेष इंतजाम किए हैं। विभिन्न सामाजिक संगठनों द्वारा मार्ग में स्थान-स्थान पर पंडाल लगाकर भोजन और विश्राम की व्यवस्था की गई है। महाशिवरात्रि नजदीक आने के साथ ही क्षेत्र में धार्मिक उत्साह बढ़ता जा रहा है।

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