एमसीबी, दिसंबर 15 -- छत्तीसगढ़ के मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर जिले में समावेशी शिक्षा को और अधिक सशक्त एवं प्रभावी बनाने के उद्देश्य से सत्र 2025-26 के अंतर्गत विशेष आवश्यकता वाले विद्यार्थियों के लिए दिव्यांगता आकलन एवं प्रमाण-पत्र शिविर का आयोजन किया जा रहा है। यह पहल विकासखण्ड शिक्षा अधिकारी, मनेन्द्रगढ़ द्वारा की गई है, जिसका मुख्य उद्देश्य प्री-प्रायमरी से कक्षा बारहवीं तक अध्ययनरत दिव्यांग विद्यार्थियों का चिन्हांकन, स्वास्थ्य परीक्षण एवं दिव्यांगता का विधिवत आंकलन करना है।
सोमवार को जिला पीआरओ ने प्रेस विज्ञप्ति के माध्यम से बताया कि विकासखण्ड शिक्षा अधिकारी मनेन्द्रगढ़ द्वारा 12 अगस्त 2025 को स्वास्थ्य विभाग एवं समाज कल्याण विभाग के सहयोग से इस शिविर के आयोजन का प्रस्ताव प्रस्तुत किया गया था। प्रस्ताव के तहत पात्र विद्यार्थियों को नवीन दिव्यांगता प्रमाण-पत्र जारी करने के साथ-साथ पूर्व में जारी प्रमाण-पत्रों के नवीनीकरण की व्यवस्था सुनिश्चित की गई है। इससे दिव्यांग विद्यार्थियों को शासकीय योजनाओं एवं शैक्षणिक सुविधाओं का लाभ प्राप्त करने में सुविधा होगी।
निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार यह शिविर 16 दिसंबर 2025, मंगलवार को प्रातः 9.30 बजे से दोपहर 2.30 बजे तक विकासखण्ड समन्वयक श्रोत केन्द्र (बीआरसी), मनेन्द्रगढ़, जिला मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर के परिसर में आयोजित किया जाएगा। शिविर के दौरान जिला मेडिकल बोर्ड, जिला एमसीबी द्वारा विद्यार्थियों का दिव्यांगता आकलन किया जाएगा, जिसके आधार पर नियमानुसार दिव्यांगता प्रमाण-पत्र जारी अथवा नवीनीकरण किया जाएगा।
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