मधुबनी , जनवरी 20 -- बिहार में मधुबनी जिला कोर्ट के मजिस्ट्रेट सैयद मोहम्मद फ़जलुल बारी की अदालत ने शादी का झांसा देकर यौन शोषण करने के मामले में सुनवाई करते हुए आरोपी मोहम्मद अफरोज को दोषी करार दिया और उसे 2.5 वर्ष के कारावास की सजा सुनाई है।
दोषी युवक मधुबनी जिला के लदनिया थाना क्षेत्र के पिपराही गांव का निवासी है।
सहायक लोक अभियोजक (एपीपी) मिश्री लाल यादव ने मामले की जानकारी देते हुए बताया कि यह घटना वर्ष 2021 की है। पीड़िता जब एक दावत में शामिल होने जा रही थी, तभी आरोपी मोहम्मद अफरोज ने सुनसान जगह और रात के अंधेरे का फायदा उठाकर उसे एक खाली घर में बंधक बना लिया और उसके साथ जबरदस्ती शारीरिक संबंध बनाए।
इस घटना के बाद आरोपी ने लोक-लाज का डर दिखाया और शादी करने का वादा कर युवती को चुप रहने पर मजबूर कर दिया। इसी झांसे में आरोपी लगातार पीड़िता का शोषण करता रहा। जब एक साल बीत जाने के बाद आरोपी मोहम्मद अफरोज ने शादी करने से साफ इनकार कर दिया, तब पीड़िता ने हिम्मत जुटाई और वर्ष 2022 में कोर्ट में परिवारवाद दायर किया। कोर्ट के आदेश पर लदनिया थाना में मामला दर्ज हुआ और पुलिस ने जांच के बाद अपनी रिपोर्ट न्यायालय को सौंपी।
लगभग चार साल तक चली कानूनी प्रक्रिया के बाद अदालत ने साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर अफरोज को कसूरवार पाया। इस फैसले के बाद पीड़िता और उसके परिजनों ने संतोष व्यक्त किया है। कोर्ट के इस निर्णय से क्षेत्र में यह संदेश गया है कि महिलाओं के साथ धोखाधड़ी और शोषण करने वाले कानून के शिकंजे से बच नहीं पाएंगे।
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