‎पटना , जनवरी 14 -- भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी ने मकर संक्रांति और दही-चूड़ा भोज को सांस्कृतिक परंपरा, समरसता और सामूहिक सहभागिता का प्रतीक बताते हुए बुधवार को कहा कि यह पर्व संगठन की जड़ों से जुड़े कार्यकर्ताओं के मन में एकता, आत्मीयता और नवऊर्जा का संचार करती है।

भाजपा प्रदेश कार्यालय परिसर में आज मकर संक्रांति के पावन पर्व के मौके पर किसान मोर्चा की देख रेख में कार्यकर्ता मिलन समारोह सह दही-चूड़ा भोज का आयोजन किया गया। इस भोज में प्रदेश के वरिष्ठ नेता से लेकर तमाम जिलों के कार्यकर्ताओं ने हिस्सा लिया।

‎ कार्यक्रम की शुरुआत प्रदेश अध्यक्ष श्री सरावगी ने दीप प्रज्वलित कर की। इस दौरान उन्होंने कहा कि कार्यकर्ताओं का उत्साह, संगठनात्मक एकजुटता और सामाजिक समरसता ही भाजपा की वास्तविक शक्ति है। उन्होंने कहा कि मकर संक्रांति को सूर्य देव के उत्तरायण होने और प्रकृति में नई ऊर्जा के संचार का पर्व बताया जाता है। उन्होंने कहा कि यह दिन शुभ परिवर्तन, आत्मबल और सकारात्मक सोच का प्रतीक है और प्रदेशवासियों के जीवन में सुख, समृद्धि और खुशियों का संचार करता है।

‎‎ इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने उपस्थित कार्यकर्ताओं को मकर संक्रांति की बधाई और शुभकामना दी और कहा कि बिहार में मकर संक्रांति के दिन दही-चूड़ा का भोज लोक-संस्कृति का अभिन्न हिस्सा है। मकर संक्रांति पर सात्विक भोजन करने का विधान है, इसलिए बिहार में मकर संक्रांति के दिन दही -चूड़ा खाने की प्रधानता है।

कार्यक्रम में हिस्सा लेने आये उप मुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा ने कहा कि यह पर्व स्नान, दान, दया, धर्म और कर्तव्यपरायणता का प्रतीक है। उन्होंने उत्तरायण पर्व मकर संक्रांति के अवसर पर सभी प्रदेशवासियों को हार्दिक बधाई एवं शुभकामना दी और प्रार्थना की कि भगवान भास्कर बिहार के लोगों के जीवन में स्वास्थ्य, समृद्धि, प्रकाश और नई ऊर्जा का संचार करें।

‎ इस दही-चूड़ा भोज कार्यक्रम में बिहार विधान परिषद् के सभापति अवधेश नारायण सिंह, मंत्री मंगल पांडेय, दिलीप जायसवाल, रामकृपाल यादव, अरुण शंकर, संगठन महामंत्री भीखूभाई दालसनिया, विधायक संजीव चौरसिया सहित प्रदेश के पदाधिकारी भी उपस्थित थे।

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