कोटा , मार्च 11 -- राजस्थान में केन्द्रीय नारकोटिक्स ब्यूरो (सीबीएन) ने मादक पदार्थों की तस्करी के विरुद्ध जारी अभियान में भीलवाड़ा जिले की सहारा तहसील में गैर-कानूनी तरीके से उगाए गए 391 अफीम के पौधे जब्त किए तथा अजमेर जिले के किशनगढ़ में एक किलोग्राम से अधिक प्रतिबंधित एमडी(मेफेड्रोन) बरामद किया ।
उपनारकोटिक्स आयुक्त, कोटा नरेश बुन्देल ने बताया कि भीलवाड़ा जिले के कंगनी, गंगापुर गांव में गेंहू के खेतों की आड़ में गैर-कानूनी तरीके से अफीम के पौधे उगाये जाने की सूचना पर सीबीएन भीलवाड़ा के अधिकारियों की एक टीम ने जगह की पहचान की और गेंहू के खेतों की आड़ में गैर-कानूनी तरीके से उगाए गए अफीम के पौधे पाए और उन्हें जब्त किए। जांच प्रक्रिया जारी है।
श्री बुन्देल ने बताया कि सीबीएन जयपुर के अधिकारियों की एक टीम ने मंगलवार को किशनगढ़-जयपुर हाईवे, किशनगढ़ (अजमेर) पर एक कार और एक मोटरसाइकिल को रोककर 1.017 किलोग्राम प्रतिबंधित एमडी बरामद किया। उन्होंने बताया कि सूचना मिली थी कि दो लोग किशनगढ़-जयपुर हाईवे, दुदू और किशनगढ़ के बीच प्रतिबंधित एमडी ले जाने वाले है , जिन्हें मोटरसाइकिल पर एक तीसरा व्यक्ति एस्कॉर्ट कर रहा था। उन्होंने बताया की इसके लिए सीबीएन जयपुर के अधिकारियों की एक टीम बनाई गई और टीम ने संदिग्ध गाड़ियों और लोगों की पहचान कर उन्हें किशनगढ़-जयपुर हाईवे पर बंदर सिंदरी गांव में रोका गया और तलाशी ली गई। तलाशी के दौरान, कार की को-ड्राइवर सीट के नीचे छिपाकर रखे गए दो पैकेट में 1.017 किलोग्राम का प्रतिबंधित एमडी (बरामद किए गए।
इस मामले में कार और मोटरसाइकिल को जब्त कर लिया गया और तीन लोगों को नारकोटिक ड्रग्स एंड साइकोट्रोपिक सब्सटेंस एक्ट, 1985 की संबंधित धाराओं के तहत गिरफ्तार कर लिया गया।
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