नयी दिल्ली , फरवरी 01 -- संसद में रविवार को पेश आम बजट में पूर्वोत्तर क्षेत्र में पर्यटन को बढ़ावा देने और परिवहन को सुगम बनाने के लिए दो महत्वपूर्ण घोषणायें की गयी हैं।

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने बजट में पूर्वोत्तर क्षेत्र विकास मंत्रालय के लिए कुल 6,812.30 करोड़ रुपये का आवंटन किया है। उन्होंने कहा कि पूर्वोत्तर क्षेत्र में थेरावड़ा और महायान/वज्रयान परंपराओं का सभ्यता संगम है। इसे ध्यान में रखते हुए सरकार ने अरुणाचल प्रदेश, सिक्किम, असम, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में बौद्ध सर्किट के विकास के लिए एक योजना शुरू करने का प्रस्ताव किया। इस योजना में मंदिरों और मठों का संरक्षण, तीर्थस्थल भाषांतरण केंद्र, संपर्क एवं तीर्थ यात्रियों की सुविधाएं शामिल होंगी।

वित्त मंत्री ने पूर्वोदय राज्यों में पांच पर्यटन स्थलों का निर्माण करने का भी प्रस्ताव किया। उन्होंने इस क्षेत्र में आवागमन को सुगम बनाने के लिए 4000 ई-बसें चलाने की भी घोषणा की। इसके साथ ही उन्होंने पश्चिम बंगाल के दुर्गापुर में बेहतर संपर्क नोड के साथ एकीकृत पूर्वी तट औद्योगिक कॉरीडोर विकसित करने की बात भी कही।

वित्त मंत्री ने तेजपुर में राष्ट्रीय मानसिक स्वास्थ्य संस्थानों को शीर्ष क्षेत्रीय संस्थानों के रूप में अपग्रेड करने का प्रस्ताव भी किया। उन्होंने पूर्वोत्तर में अगर के पेड़ों की खेती को बढ़ावा देने के लिए सहायता देने का प्रस्ताव किया। उन्होंने कहा कि सरकार विकास और रोजगार के अवसरों में तेजी लाकर पूर्वोदय राज्यों और पूर्वोत्तर क्षेत्र पर ध्यान केन्द्रित करेगी।

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