अगरतला , फरवरी 03 -- पूर्वोत्तर में राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) दल ने एक महीने की गहन तैयारियों के बाद राष्ट्रीय राजधानी में गणतंत्र दिवस परेड में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है। यह घोषणा अधिकारियों ने मंगलवार को की।
उन्नीस सदस्यीय दल ने 18 विशिष्ट स्वयंसेवकों के साथ कर्तव्य पथ पर राष्ट्रीय मंच पर पूर्वोत्तर की समृद्ध संस्कृति एवं अनुशासित भावना का गौरवपूर्ण प्रदर्शन किया। दल का नेतृत्व त्रिपुरा के राज्य पुरस्कार विजेता एनएसएस कार्यक्रम अधिकारी और स्नातकोत्तर शिक्षक भास्कर घोष ने किया जो राज्य के लिए नेतृत्व प्रतिनिधित्व का एक ऐतिहासिक क्षण था।
दिल्ली के जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम में एक से 31 जनवरी तक आयोजित शिविर में दल को अनुशासन एवं उत्कृष्टता की एक कठिन दौर हासिल हुआ, जिस दौरान उन्होंने गणतंत्र दिवस समारोह में कर्तव्य पथ पर सैन्य और अर्धसैनिक बलों के साथ कदमताल करते हुए मार्च किया।
परेड के अलावा दल को राष्ट्रपति, उपराष्ट्रपति, प्रधानमंत्री एवं केंद्रीय युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्री सहित देश के शीर्ष नेताओं के साथ बातचीत करने का अवसर मिला। उन्होंने राष्ट्रपति भवन और प्रधानमंत्री के रैली कार्यक्रम में पारंपरिक नृत्य भी प्रस्तुत किए, जिसके माध्यम से उन्होंने देश के साथ पूर्वाेत्तर के जीवंत सांस्कृतिक विरासत को साझा किया।
दल के नेता श्री घोष ने कहा कि देश के शीर्ष नेतृत्व के साथ अपना अनुभव साझा करना स्वयंसेवकों के लिए जीवन परिवर्तन वाला क्षण था। उन्होंने इस बात पर बल दिया कि यह केवल परेड के बारे में नहीं था बल्कि पूर्वोत्तर की आत्मा का प्रतिनिधित्व करने के बारे में भी था।
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