राजनांदगांव , फरवरी 13 -- छत्तीसगढ़ के राजनांदगांव जिले में शांति व्यवस्था बनाए रखने और असामाजिक तत्वों के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत चिखली पुलिस और सायबर सेल को बड़ी सफलता हाथ लगी है। पुलिस ने डब्बा मैदान और अन्य इलाकों में हथियार दिखाकर लोगों को डराने वाले कुख्यात बदमाश शिवम सिन्हा उर्फ 'चार्ली' सहित कुल सात आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके पास से दो पिस्टल और दो देशी कट्टे बरामद किए गए हैं।

पुलिस को सूचना मिली थी कि शंकरपुर निवासी चार्ली अपने साथियों के साथ डब्बा मैदान (कब्रिस्तान के पास) पिस्टल और कट्टा लहराकर स्थानीय नागरिकों को धमका रहा है।

पुलिस अधीक्षक अंकिता शर्मा के निर्देशन में तत्काल एक टीम गठित कर मौके पर घेराबंदी की गई। पुलिस को देखते ही आरोपी भागने लगे, जिन्हें पकड़ लिया गया।

पूछताछ में मुख्य आरोपी शिवम उर्फ चार्ली ने खुलासा किया कि उसने अपने साथी विक्की देशमुख के साथ मिलकर मध्य प्रदेश के धार-बड़वानी क्षेत्र से अवैध हथियार खरीदे थे। इनका मुख्य उद्देश्य क्षेत्र में अपना खौफ कायम करना और हथियारों की तस्करी करना था।

पुलिस ने अभियान चलाकर राजनांदगांव, दुर्ग और धमतरी से निम्नलिखित आरोपियों को गिरफ्तार किया है। शिवम सिन्हा उर्फ चार्ली (26) शंकरपुर - मुख्य सरगना, डिगम्बर साहू उर्फ छोटू (27) पेण्ड्री, सेवक कश्यप उर्फ डाला (22) शंकरपुर, गुंजेश वर्मा उर्फ शिवा (26) शंकरपुर, विक्की देशमुख उर्फ मोनू (25) दुर्ग के रहने वाले है। वहीं हथियार लाने में मददगार जतीनदास मानिकपुरी, उमेश साहू उर्फ बठालू हैं। पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ पूर्व में हत्या का प्रयास (धारा 307), मारपीट और आर्म्स एक्ट जैसे कई गंभीर मामले दर्ज हैं। पुलिस ने इनके पास से दो पिस्टल, दो देशी कट्टे, ण्क कारतूस बरामद किया है।

इन सभी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा और शस्त्र अधिनियम के तहत कार्रवाई कर इन्हें न्यायालय में पेश किया जा रहा है।

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