नयी दिल्ली , दिसंबर 18 -- दिल्ली की पटियाला हाउस स्थित राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) की विशेष अदालत ने आतंकवाद की साजिश से जुड़े एक हाई-प्रोफाइल मामले में गुरुवार को दो व्यक्तियों को दोषी करार दिया । दोषी ठहराये गये लोगों की पहचान जहूर अहमद पीर और नजीर अहमद पीर के रूप में हुई है जिन्हें गैरकानूनी गतिविधियां रोकथाम अधिनियम यानी यूएपीए की विभिन्न धाराओं के तहत दोषी पाया गया है। अदालत अब आठ जनवरी को इनकी सजा की अवधि पर बहस सुनेगी।

इन दोनों पर यूएपीए की धारा 18 (साजिश), धारा 19 (शरण देना) और धारा 39 (आतंकवादी संगठन को समर्थन देना) के तहत आरोप तय किये गये थे। एनआईए के अनुसार इन दोनों ने पाकिस्तानी आतंकवादी बहादुर अली को शरण देने और समर्थन प्रदान करने के साथ-साथ आतंकवादी कृत्यों को अंजाम देने की साजिश रची थी। रिपोर्ट के अनुसार बहादुर अली हिजबुल कमांडर बुरहान वानी के मारे जाने के बाद कश्मीर में अशांति फैलाने के इरादे से भारत में घुसपैठ कर आया था।

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