नयी दिल्ली/ गांधीनगर , दिसंबर 19 -- गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने शुक्रवार को नयी दिल्ली में आयोजित फेडरेशन ऑफ रियल एस्टेट डेवलपर्स एसोसिएशन ऑफ इंडिया (क्रेडाई) के नेशनल कॉन्क्लेव को संबोधित करते हुए शुक्रवार को कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा दिए गये विकसित भारत के विजन को साकार करने में रियल एस्टेट क्षेत्र की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है।

श्री पटेल ने कहा कि प्रधानमंत्री ने 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने का जो विजन दिया है, उसे पूर्ण करने में रियल एस्टेट क्षेत्र का योगदान बड़ा रहेगा। उन्होंने इस दौरान देश की सबसे अधिक जनसंख्या वाले राष्ट्र के रूप में भारत में 'हाउसिंग फॉर ऑल' के लक्ष्य का उल्लेख करते हुए रियल एस्टेट डेवलपर्स की विशेष भूमिका का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि रियल एस्टेट केवल जमीनें, इमारतें या दीवारें नहीं हैं, बल्कि यह वह स्थल है, जहाँ परिवार के सपने समाए होते हैं, व्यापार-धंधे सफलता प्राप्त करते हैं और लोग साथ मिलकर अपने जीवन को उन्नत बनाते हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री का संकल्प है कि गरीब से गरीब व्यक्ति को भी पक्का मकान मिले। प्रधानमंत्री आवास योजना इस दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने इस संकल्प को पूरा करने के लिए क्रेडाई तथा रियल एस्टेट क्षेत्र के अग्रणियों से केन्द्र एवं राज्य सरकार के साथ मिलकर काम करने का अनुरोध किया।

उन्होंने डेवलपर्स से अपील करते हुए कहा, "हम ऐसे मकान बनाएँ, जिसमें भारतीयता की महक हो। विदेशी टेक्नोलॉजी से भले ही प्रेरणा लें, लेकिन डिजाइन भारतीय रखें। कन्स्ट्रक्शन में 'मेड इन इंडिया' का सुर हो और इमारतों में भारत की विरासत तथा संस्कार झलकते हों, ऐसे निर्माण करें।"मुख्यमंत्री ने सस्टेनेबिलिटी तथा इनोवेशन पर बल देते हुए कहा कि पर्यावरणानुकूल घर, कार्यालय और सरकारी इमारतें बनाना जरूरी हैं। इसके लिए नए अनुसंधान एवं नवीनता को प्रोत्साहन देना होगा। उन्होंने बढ़ते शहरीकरण के चलते संसाधनों का संचालन करने के लिए दूरदर्शी आयोजन की आवश्यकता समझाई।

उन्होंने कहा कि गुजरात में सिंगल विंडो क्लियरेस, डिजिटल लैंड रिकॉर्ड्स तथा समयबद्ध अनुमति जैसी व्यवस्थाओं के कारण डेवलपर्स निवेश करने के लिए आकर्षित हुए हैं। ग्रीन बिल्डिंग, रिन्यूएबल एनर्जी, वॉटर कन्जर्वेशन तथा वेस्ट मैनेजमेंट को प्रोत्साहन देने के कारण गुजरात रियल एस्टेट के लिए श्रेष्ठ स्थान बना है।

गिफ्ट सिटी तथा धोलेरा स्मार्ट सिटी का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री की दूरदर्शिता के चलते ऐसे आइकॉनिक प्रोजेक्ट्स विकसित हुए हैं। धोलेरा 920 वर्ग किलोमीटर क्षेत्र में विकसित हो रहा है, जहाँ सेमीकंडक्टर, एयरोस्पेस तथा डिफेंस जैसे उद्योग आ रहे हैं। अहमदाबाद-धोलेरा एक्सप्रेसवे तथा ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट के कार्य पूर्णता के चरणों में हैं। उन्होंने कहा कि विकसित भारत आत्मनिर्भर, ईज ऑफ डूइंग बिजनेस तथा ईज ऑफ लिविंग का प्रतीक बनना चाहिए। इसमें इनोवेशन, टेक्नोलॉजी तथा सस्टेनेबिलिटी का संगम भी होना चाहिए। उन्होंने रियल एस्टेट से जुड़े सभी से लिवेबल व लवेबल, सस्टेनेबल और फ्यूचर-रेडी शहर बनाने का अनुरोध किया।

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित