भुज , दिसंबर 04 -- गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने गुरुवार को सफेद रेगिस्तान धोरडो से कच्छ रणोत्सव 2025 का शुभारंभ किया।

श्री पटेल ने इस अवसर पर कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का कच्छ के रण (रेगिस्तान) को पर्यटन का तोरण (वंदनवार) और विश्व के लिए फेवरेट टूरिज्म डेस्टिनेशन बनाने का सपना साकार हुआ है। रणोत्सव अब ग्लोबल इवेंट बन गया है और उनकी प्रेरणा से समाज, संस्कृति एवं समृद्धि के संगम से रचा गया धोरडो मॉडल विश्वभर के विशेषज्ञों के लिए केस स्टडी बना है।

मुख्यमंत्री ने वंदे मातरम् के 150 वर्ष होने के अवसर को जोड़ने वाले 'एकत्व - एक देश, एक गीत, एक भावना' थीम आधारित सांस्कृतिक कार्यक्रम में देश के विभिन्न राज्यों, कच्छी कला तथा गुजरात की संस्कृति को उजागर करने वाली कृतियों के रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम के साथ रणोत्सव का उद्घाटन किया। उन्होंने कच्छ के पर्यटन को गति देने के लिए लखपत किला, तेरा हेरिटेज विला और धोरडो के 179 करोड़ रुपए के विभिन्न विकास कार्यों का ई-लोकार्पण तथा शिलान्यास भी किया। इस अवसर पर श्रम एवं रोजगार मंत्री कुँवरजीभाई बावलिया तथा उच्च एवं तकनीकी शिक्षा राज्य मंत्री त्रिकमभाई छांगा उपस्थित थे।

श्री पटेल ने कहा कि गुजरात के तत्कालीन मुख्यमंत्री के रूप में श्री मोदी ने रणोत्सव की शुरुआत कराते हुए कहा था, 'एक दिन दुनियाभर से पर्यटक धोरडो आएँगे और कच्छ की संस्कृति को आनंद उठाएंगे।' प्रधानमंत्री का बात सत्य सिद्ध हुई है। उन्होंने कहा कि संयुक्त राष्ट्र विश्व पर्यटन संगठन (डब्लूएनटीओ) ने धोरडो को 'बेस्ट टूरिज्म विलेज' के अवॉर्ड से नवाजा है। कच्छी भूंगा (झोंपड़ी) और कच्छ की विविधतापूर्ण लोक संस्कृति के साथ आधुनिक सुविधा से युक्त टैंट सिटी से उनका 'विकास भी, विरासत भी' का दृष्टिकोण साकार हुआ है।

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