कोटोनौ , दिसंबर 09 -- बेनिन के राष्ट्रपति पैट्रिस टैलोन ने कहा है कि रविवार को तख्तापलट की कोशिश को नाइजीरियाई सेना की मदद से सरकारी बलों ने नाकाम कर दिया था और अब देश में स्थिति "पूरी तरह से नियंत्रण में है।"बेनिन ने 1960 में फ्रांस से आज़ादी मिलने के बाद से कभी-कभी तख्तापलट अनुभव किये हैं, लेकिन पिछले 20 सालों से वहां बिना किसी रुकावट के लोकतांत्रिक शासन बना हुआ है। पोर्टो-नोवो इस देश की आधिकारिक राजधानी है, जबकि कोटोनौ देश का सबसे बड़ा शहर और प्रशासनिक केंद्र बना हुआ है।

टीआरटी वर्ल्ड की एक रिपोर्ट के अनुसार, राष्ट्रपति आवास पर तख्तापलट की साज़िश रचने वालों और रिपब्लिकन गार्ड के बीच हिंसक झड़पें होने के बाद कोटोनौ में फिलहाल शांति है। सरकार के मुताबिक, तख्तापलट की इस कोशिश में दोनों तरफ़ नुकसान हुआ है।

मरने वालों में राष्ट्रपति के सेना प्रमुख जनरल बर्टिन बाडा की पत्नी भी शामिल थीं। सेना प्रमुख खुद पहले हुए एक हमले में बुरी तरह घायल हो गये थे। तख्तापलट की कोशिश में रविवार को पूरे दिन रुक-रुक कर गोलीबारी होती रही। सुरक्षा बनाए रखने के लिए पूरे शहर में सैनिक तैनात रहे।

उल्लेखनीय है कि खुद को 'मिलिट्री कमेटी फॉर रिफाउंडेशन' कहने वाले सैनिकों के एक समूह ने रविवार को सरकारी टेलीविज़न पर दावा किया कि उन्होंने राष्ट्रपति टैलोन को हटा दिया है। आठ सैनिकों ने राष्ट्रपति को हटाने, सरकारी संस्थानों को निलंबित करने और प्रशासन को भंग करने की घोषणा की थी।

इस समूह ने लेफ्टिनेंट कर्नल पास्कल टिग्री को अपनी समिति का प्रमुख बनाया था। विद्रोहियों ने उत्तरी बेनिन में बिगड़ती सुरक्षा, शहीद सैनिकों की अनदेखी, स्वास्थ्य क्षेत्र के बजट में कटौती, बढ़ते कर और सैनिकों के परिवारों के प्रति सरकार की कथित उदासीनता को इस तख्तापलट का कारण करार दिया था।

गृह मंत्री अलासाने सेइडौ ने तख्तापलट को "देश को अस्थिर करने की एक छोटी कोशिश" करार देते हुए कहा कि बेनिन की सशस्त्र सेनाओं ने इसे असफल किया है। उन्होंने कहा कि वफादार बलों ने तेजी से नियंत्रण हासिल कर लिया। नाइजीरियाई राष्ट्रपति बोला टिनूबू ने कहा कि श्री टैलोन के अनुरोध के बाद नाइजीरिया ने बेनिन की मदद के लिये लड़ाकू विमान और सैनिक भेजे। उन्होंने संवैधानिक व्यवस्था की रक्षा के लिये नाइजीरिया के इस हस्तक्षेप की प्रशंसा की।

राष्ट्रपति टैलोन ने देश के नाम अपने टेलीविज़न संबोधन में नागरिकों को भरोसा दिलाया कि स्थिति काबू में है। उन्होंने देशवासियों से सामान्य जीवन की ओर लौटने का आग्रह किया। अधिकारियों ने तख्तापलट के सिलसिले में 14 लोगों की गिरफ्तारी की सूचना दी, हालांकि लेफ्टिनेंट कर्नल टिग्री का पता अभी भी नहीं चला है। श्री टैलोन ने पीड़ितों और विद्रोहियों द्वारा बंधक बनाये गये लोगों के प्रति संवेदना व्यक्त की।

बीबीसी की एक रिपोर्ट के अनुसार, बेनिन के सरकारी प्रवक्ता विल्फ्रेड लेएंड्रे हंगबेदजी ने गिरफ्तारियों की पुष्टि की। हिरासत में लिये गये 12 लोगों में से कुछ राष्ट्रीय प्रसारक पर हमला करने में शामिल थे। इनमें एक पूर्व सैनिक भी शामिल था जिसे पहले सेवा से बर्खास्त कर दिया गया था।

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