देहरादून , मार्च 15 -- उत्तराखण्ड ऑर्थोपेडिक एसोसिएशन का 22वाँ वार्षिक सम्मेलन देहरादून में तीन दिनों तक चले गहन अकादमिक विमर्श, कार्यशालाओं और वैज्ञानिक आदान-प्रदान के बाद रविवार को सफलता पूर्वक सम्पन्न हो गया।

सम्मेलन का उद्घाटन मुख्य अतिथि डॉ. अजय सिंह, कुलपति, सैफई विश्वविद्यालय, उत्तर प्रदेश, विशिष्ट अतिथि पद्मश्री डॉ. बीकेएस संजय, अध्यक्ष एम्स गुवाहाटी ने संयुक्त रूप से किया। वैज्ञानिक कार्यक्रम प्रतिष्ठित ओरेशन व्याख्यानों से प्रारम्भ हुआ, जिसके पश्चात प्लेनरी व्याख्यान, पैनल चर्चाएँ, केस-आधारित विचार-विमर्श तथा वैज्ञानिक प्रस्तुतियाँ आयोजित की गईं। इन सत्रों में विशेषज्ञों ने जॉइंट रिप्लेसमेंट सर्जरी, ट्रॉमा प्रबंधन, स्पोर्ट्स इंजरी, आर्थ्रोस्कोपी तथा उभरती सर्जिकल तकनीकों जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर अपने अनुभव और शोध साझा किए।

सम्मेलन की प्रमुख विशेषताओं में रोबोटिक एवं एडवांस्ड टेक्नोलॉजी कार्यशाला विशेष रूप से उल्लेखनीय रही, जिसमें रोबोटिक-सहायता प्राप्त सर्जरी और जॉइंट रिप्लेसमेंट में प्रिसिजन तकनीकों की बढ़ती भूमिका पर विस्तृत चर्चा की गई। इसके अतिरिक्त प्राइमरी नी रिप्लेसमेंट तथा रिवीजन नी सर्जरी पर आधारित कैडावर कार्यशालाएँ हिमालयन इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज,जॉली ग्रांट में इंडियन आर्थ्रोप्लास्टी एसोसिएशन के सहयोग से आयोजित की गईं, जिनमें प्रतिभागी सर्जनों को व्यावहारिक प्रशिक्षण प्रदान किया गया।

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