अगरतला , जनवरी 31 -- त्रिपुरा में विपक्षी मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) के राज्य सचिव और विपक्ष के नेता जितेंद्र चौधरी ने सत्ताधारी भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) पर आरोप लगाते हुए कहा है कि वह राज्य में स्वायत्त जिला परिषद (एडीसी) इलाकों के विकास को नजरअंदाज कर रही है।
श्री चौधरी ने दावा किया कि राज्य में बड़े पैमाने पर पसरे भ्रष्टाचार से पिछले आठ सालों में एडीसी इलाकों का विकास तो नहीं हुआ, मगर भाजपा नेताओं, विधायकों और मंत्रियों का विकास जरूर हुआ। सीबीआई, आयकर विभाग और प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) जैसी केंद्रीय एजेंसियों ने मंत्रियों, विधायकों और नेताओं की जमा दौलत से आंखें मूंद ली हैं, जबकि वे दूसरे राज्यों में सक्रिय हैं और विपक्षी नेताओं को निशाना बना रहे हैं।
शुक्रवार को यहां पार्टी की आदिवासी शाखा जीएमपी के 23वें केंद्रीय सम्मेलन में रैली को संबोधित करते हुए श्री चौधरी ने उन मामलों पर जोर दिया जहां राज्य के मंत्रियों ने दिल्ली में महंगे फ्लैट और अगरतला शहर में पेट्रोल पंप और आलीशान घर खरीदे।
उन्होंने जोर देकर कहा कि त्रिपुरा के लोग सत्ताधारी दल के नेताओं की गतिविधियों पर करीब से नजर रख रहे हैं और अगर केंद्रीय जांच एजेंसियां दखल नहीं भी देती हैं तो भी वे सही समय पर उनके कामों के लिए उन्हें जिम्मेदार ठहरायेंगे।
उन्होंने टिपरा मोथा की भी आलोचना करते हुए कहा वे एडीसी क्षेत्रों में अपने नेताओं के किये गये बड़े भ्रष्टाचार पर ध्यान नहीं दे रहे हैं और भाजपा के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार के मनरेगा को दूसरे अधिनियम से बदलने पर भी चुप्पी साधे हुए हैं।
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