अगरतला , फरवरी 14 -- त्रिपुरा के मुख्यमंत्री डॉ. माणिक साहा ने गोमती जिले में वर्चुअल माध्यम से तीन परियोजनाओं की आधारशिला रखी और यह सुनिश्चित करने के लिए केंद्र-राज्य के बीच सहयोग की घोषणा की कि सरकारी योजनाओं का लाभ समाज के हर व्यक्ति तक पहुंचेगा।
डॉ साहा ने न सिर्फ बुनियादी ढांचे को बढ़ाने, बल्कि पर्यावरण संरक्षण, शहरीकरण और आर्थिक तरक्की में योगदान देने की उनकी क्षमता का भी उल्लेख दिया। उन्होंने 2047 तक भारत के विकास के शिखर पर पहुंचने की उम्मीद जतायी और सभी से इस लक्ष्य में भागीदार बनने की अपील की। उन्होंने सरकारी कार्यक्रमों को तेजी से लागू करने और लोगों के सुख-दुख में सरकार के समर्थन पर जोर दिया।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के समाज के पिछड़े तबकों के पूर्ण विकास पर जोर देने की बात कहते हुए डॉ. साहा ने देश की सुरक्षा में प्रधानमंत्री की कोशिशों की तारीफ की और त्रिपुरा में लगभग 1,300 करोड़ रुपये की चल रही परियोजनाओं का जिक्र किया। उन्होंने सचिवालय से पंचायत स्तर तक कागज रहित प्रशासनिक प्रणाली शुरू करने का जिक्र किया और त्रिपुरा के पूरी तरह से साक्षर राज्य होने की उपलब्धि के साथ-साथ राष्ट्रीय और क्षेत्रीय स्तर पर 347 पुरस्कार जीतने का उल्लेख किया।
उन्होंने राज्य के यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए वंदे भारत एक्सप्रेस के होने वाले लॉन्च और अगरतला से उदयपुर तक सड़क को चार लेन का बनाने की शुरुआत की भी घोषणा की। पूरे राज्य में एक जैसा विकास सुनिश्चित करने के लिए सरकार के वादे को दोहराते हुए और तेपनिया में एक आयुर्वेदिक अस्पताल बनाने की योजना के बारे में बताया। उन्होंने बताया कि राज्य में अभी 450 छात्र एमबीबीएस और 63 बीडीएस कर रहे हैं। उन्होंने एक स्वास्थ्य विश्वविद्यालय बनाने की योजना भी साझा की और भविष्य में लगभग 15,000 करोड़ रुपये के निवेश की उम्मीद जतायी और राज्य में राष्ट्रीय राजमार्ग के 198 किलोमीटर से 923 किलोमीटर तक बड़े पैमाने पर विकास पर जोर दिया।
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