भिंड , मार्च 16 -- मध्यप्रदेश के भिंड जिले में नेशनल हाईवे-719 की खराब हालत और लगातार हो रहे सड़क हादसों के विरोध में आज संत समाज बरेठा टोल प्लाजा पर आंदोलन करेगा।
लंबे समय से सड़क को फोरलेन करने और हालत सुधारने की मांग कर रहे संत समाज ने अब "नो रोड, नो टोल" का नारा देते हुए टोल वसूली के खिलाफ प्रदर्शन का ऐलान किया है। आंदोलन की घोषणा के बाद जिला प्रशासन भी सक्रिय हो गया है और संत समिति के अध्यक्ष कालीदास महाराज से वार्ता की कोशिश नाकाम हो गई है। इसी क्रम में आज मालनपुर स्थित बरेठा टोल प्लाजा पर संत समाज, समाजसेवी और स्थानीय लोग एकत्र होकर टोल वसूली के विरोध में प्रदर्शन करेंगे।
आंदोलन की सूचना मिलते ही जिला प्रशासन सतर्क हो गया है। प्रशासन की ओर से आंदोलन की अनुमति नहीं दी गई है और इसे रोकने के प्रयास किए जा रहे हैं। सूत्रों के अनुसार आंदोलनकारियों को आशंका है कि संत समिति के अध्यक्ष कालीदास महाराज को आंदोलन से पहले नजरबंद किया जा सकता है। इसी संभावना को देखते हुए आंदोलन समिति ने उन्हें सुरक्षित स्थान पर भेज दिया है। बताया जा रहा है कि कालीदास महाराज आज सीधे आंदोलन स्थल पर पहुंचकर नेतृत्व करेंगे।
नेशनल हाईवे-719 को फोरलेन बनाने के लिए डीपीआर तैयार की जा रही है, जिसके अप्रैल तक पूरा होने की बात कही जा रही है। इस विषय को लेकर मंत्री और अधिकारियों के बीच चर्चा भी हुई, लेकिन अब तक कोई ठोस निर्णय सामने नहीं आया। इस मुद्दे पर जिला पंचायत में भी बैठक हुई थी।
अधिकारियों के अनुसार यह हाईवे पहले एमपीआरडीसी के अधीन था, जिसे अब नेशनल हाईवे अथॉरिटी को सौंप दिया गया है। नेशनल हाईवे अथॉरिटी ने इस सड़क के विस्तार कार्य की समयसीमा फरवरी 2027 तय की है, लेकिन इसी बात को लेकर संत समिति और प्रशासन के बीच सहमति नहीं बन पा रही है।
संत समिति और आंदोलन समिति के सदस्यों का कहना है कि जब हाईवे की हालत खराब है और दुर्घटनाओं में लगातार लोगों की जान जा रही है तो टोल वसूली बंद होनी चाहिए। संत समिति के अध्यक्ष कालीदास महाराज ने आंदोलन के पहले कहा कि जो भी निर्णय होगा वह टोल प्लाजा पर ही लिया जाएगा। उन्होंने कहा कि वहां अधिकारी और आंदोलन समिति के सदस्य मौजूद रहेंगे। यदि सर्वहित में कोई समाधान निकलता है तो आंदोलन पर विचार किया जाएगा अन्यथा "नो रोड, नो टोल" आंदोलन जारी रहेगा।
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