रायपुर , मई 01 -- छत्तीसगढ़ में शासकीय कर्मचारियों को प्रत्येक शनिवार अवकाश देने का निर्णय पूर्व कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में लागू किया गया था, जिसके तहत कार्यालयीन समय सुबह 10:00 बजे से शाम 5:30 बजे तक निर्धारित किया गया। इस फैसले का अधिकांश विभागों के कर्मचारियों ने स्वागत किया, लेकिन लोक अभियोजन निदेशालय के अधिकारी आज भी इस सुविधा से वंचित हैं।
मामला अब प्रशासनिक और कानूनी व्याख्याओं के बीच उलझता नजर आ रहा है। सूचना के अधिकार (आरटीआई) के तहत प्राप्त दस्तावेजों में राज्य शासन ने शनिवार अवकाश जारी रहने की पुष्टि की है, इसके बावजूद लोक अभियोजन निदेशालय स्तर पर इस आदेश का पालन नहीं किया जा रहा है। इससे संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों में असंतोष व्याप्त है।
निदेशालय का पक्ष है कि अभियोजन अधिकारियों का कार्यभार विशेष कानूनी प्रावधानों के तहत संचालित होता है। विभाग का कहना है कि उनका कार्य भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस) की धारा 19 तथा दण्ड प्रक्रिया संहिता की धारा 25 के अंतर्गत आता है, जिसके चलते उनकी कार्यप्रणाली सामान्य प्रशासनिक आदेशों से अलग है।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित