वाराणसी , फरवरी 9 -- ज्योतिष्पीठाधीश्वर शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने सोमवार को कहा कि उन्होंने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री को 40 दिनों का समय दिया था, जिनमें से दस दिन बीत चुके हैं, लेकिन अब तक कोई प्रमाण प्रस्तुत नहीं किया गया है।

यहां पत्रकारों से बातचीत में शंकराचार्य ने कहा कि उन्होंने गोवंश हत्या पर पूर्ण रोक लगाने और गाय को 'राज्यमाता' घोषित करने की मांग को लेकर मुख्यमंत्री को 40 दिन का समय दिया था। उनका कहना था कि निर्धारित अवधि में अपेक्षित कदम नहीं उठाए गए हैं।

उन्होंने कहा कि पूर्व में माघ मेले के दौरान उनसे शंकराचार्य होने का प्रमाण मांगा गया था, जिसे उन्होंने निर्धारित समय में प्रस्तुत किया। इसके बाद उन्होंने मुख्यमंत्री से "हिंदू होने का प्रमाण" देने की बात कही थी। उन्होने कहा कि शंकराचार्य पद की मान्यता किसी राज्य सरकार पर निर्भर नहीं है। उन्होंने यह भी कहा कि इस विषय में उनकी ओर से दिए गए वक्तव्यों को लेकर सरकार की ओर से अब तक कोई औपचारिक प्रतिक्रिया नहीं मिली है।

उल्लेखनीय है कि इस संबंध में राज्य सरकार की ओर से तत्काल कोई प्रतिक्रिया उपलब्ध नहीं हो सकी है।

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