चंडीगढ़ , अप्रैल 24 -- जे.सी. बोस विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, वाईएमसीए में राष्ट्रीय पंचायती राज दिवस के अवसर पर 'ग्राम पंचायत छात्रवृत्ति योजना' का शुभारंभ किया गया। कार्यक्रम के दौरान विभिन्न ग्राम पंचायत प्रतिनिधियों, स्कूल प्रधानाचार्यों और शिक्षाविदों ने भाग लिया।
कार्यक्रम की अध्यक्षता कुलगुरु प्रो. राजीव कुमार ने की। उन्होंने कहा कि यह योजना ग्रामीण युवाओं कोशिक्षा, कौशल और आत्मनिर्भरता से जोड़ने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। सामुदायिक कौशल विकास महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. संजीव गोयल ने विश्वविद्यालय द्वारा संचालित कौशल आधारित पाठ्यक्रमों, इंटर्नशिप और रोजगारोन्मुख प्रशिक्षण की जानकारी दी।
नयी छात्रवृत्ति योजना विशेष रूप से आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के विद्यार्थियों के लिए शुरू की गयी है। इसके तहत पात्र छात्रों को 100 प्रतिशत ट्यूशन फीस माफी दी जाएगी। योजना का लाभ लेने के लिए ग्राम पंचायत की अनुशंसा, ईडब्ल्यूएस प्रमाण पत्र, परिवार पहचान पत्र और वार्षिक आय 8 लाख रुपये से कम होना अनिवार्य होगा।
विश्वविद्यालय ने प्रत्येक बी.वोक., पीजी डिप्लोमा और डिप्लोमा पाठ्यक्रम में 5-5 सीटें इस योजना के तहत आरक्षित की हैं। इस पहल का उद्देश्य ग्रामीण प्रतिभाओं को उच्च शिक्षा और कौशल विकास से जोड़कर रोजगार के बेहतर अवसर उपलब्ध कराना है।
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