पटना , अप्रैल 24 -- ाज्य के सभी 38 जिलों में ग्रामीण सड़क नेटवर्क को सुदृढ़, सुरक्षित और दीर्घकालिक बनाने के उद्देश्य से ग्रामीण कार्य विभाग के स्तर से मुख्यमंत्री ग्रामीण सड़क उन्नयन योजना के तहत व्यापक स्तर पर कार्य किये जा रहे हैं।

इस योजना का मुख्य लक्ष्य पुरानी एवं जर्जर सड़कों का उन्नयन कर उन्हें आधुनिक मानकों के अनुरूप विकसित करना है, जिससे ग्रामीण संपर्कता हर मौसम में निर्बाध बनी रहे।

इस योजना के अंतर्गत अबतक राज्यभर में हजारों किलोमीटर लंबी ग्रामीण सड़कों का कायाकल्प कर उन्हें नई संरचनात्मक मजबूती प्रदान की गई है। विशेष रूप से वे सड़कें, जिनकी पंचवर्षीय अनुरक्षण अवधि समाप्त हो चुकी थी। इस योजना के माध्यम से फिर से सुदृढ़ कर दीर्घकालिक उपयोग के योग्य बनाई जा रही हैं।

उल्लेखनीय है कि इस योजनान्तर्गत कुल 859 ग्रामीण सड़कों को प्रशासनिक स्वीकृति प्रदान की गई है, जिनकी लम्बाई 3,036 किलोमीटर है। इनमें से 783 सड़कों का उन्नयन कार्य पूर्ण हो चुका है। इससे 2,869 किलोमीटर ग्रामीण सड़कें मजबूत हुई हैं। इस दिशा में मिथिला क्षेत्र के मधुबनी जिले में सर्वाधिक 199 किलोमीटर, पश्चिमी चंपारण में 152 किलोमीटर, समस्तीपुर में 145 किलोमीटर तथा इसके अलावा गया जिले में 142 किलोमीटर सड़कों का उन्नयन किया गया है। इन कार्यों से स्थानीय स्तर पर यातायात व्यवस्था को नई गति मिली है।

ग्रामीण कार्य विभाग के स्तर से इस योजना को एक्शन मोड में संचालित करते हुए गुणवत्ता, पारदर्शिता और समयबद्धता पर विशेष बल दिया जा रहा है। उन्नयन के पश्चात सड़कों की संरचनात्मक मजबूती और समतल सतह सुनिश्चित की जा रही है।

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