जयपुर , दिसम्बर 18 -- राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने गुरुवार को कहा कि स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से महिलाएं सशक्त हो रही हैं, जिससे ग्रामीण अर्थ व्यवस्था का विस्तार हो रहा है और वे अपना घर संभालने के साथ ही देश की अर्थव्यवस्था में अहम भूमिका निभा रही हैं।
श्री शर्मा ने आज यहां जवाहर कला केन्द्र में सरस राजसखी राष्ट्रीय मेले का शुभारंभ किया । उन्होंने देश-प्रदेश की महिला स्वयं सहायता समूहों द्वारा लगाई गई विभिन्न स्टॉल्स का अवलोकन करते हुए उत्पादों के बारे में जानकारी ली और उनके हुनर की प्रशंसा की।
इस अवसर पर श्री शर्मा ने लखपति दीदी एवं स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं से आत्मीयता के साथ संवाद किया। उन्होंने कहा कि स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से महिलाएं सशक्त हो रही हैं। सरस मेला इस बात का प्रमाण है कि जब सही नीति, सशक्त संस्थागत ढांचा और प्रभावी क्रियान्वयन एक साथ आते हैं तो ग्रामीण महिलाओं के जीवन में स्थायी और समावेशी परिवर्तन संभव होता है। यह मेला आत्मनिर्भर राजस्थान-आत्मनिर्भर भारत के हमारे संकल्प का प्रतीक भी है।
उल्लेखनीय है कि आगामी चार जनवरी तक चलने वाले इस सरस राजसखी राष्ट्रीय मेले में ग्रामीण भारत की समृद्ध परंपराओं, शिल्प कौशल एवं कलाओं का प्रदर्शन किया जा रहा है। इस मेले में राजस्थान सहित 24 राज्यों की लगभग 300 स्टॉल्स लगाई गई हैं। इनमें देश के विभिन्न हिस्सों की ग्रामीण परंपरा, लोक कला, लोक शिल्प, वस्त्र परंपराएं, हैंडलूम एवं हैंडीक्राफ्ट उत्पादों का प्रदर्शन और विक्रय किया जा रहा है।
कार्यक्रम में मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास, अतिरिक्त मुख्य सचिव ग्रामीण विकास श्रेया गुहा, आजीविका परियोजनाएं एवं स्वयं सहायता समूह की स्टेट मिशन निदेशक नेहा गिरी सहित बड़ी संख्या में आमजन मौजूद थे।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित