वाराणसी , फरवरी 28 -- वाराणसी में महानगर युवा कांग्रेस के तत्वावधान में शनिवार को आयोजित "पीएम कम्प्रोमाइज" कार्यक्रम के तहत भारतीय युवा कांग्रेस के कार्यकर्ताओं की गिरफ्तारी के विरोध में संसदीय जनसंपर्क कार्यालय के घेराव के लिए शांतिपूर्ण पैदल मार्च निकाला गया। हालांकि पुलिस ने मैदागिन स्थित कांग्रेस कार्यालय के बाहर ही कार्यकर्ताओं को रोक दिया और उनका ज्ञापन वहीं स्वीकार कर लिया। महानगर युवा कांग्रेस अध्यक्ष चंचल शर्मा ने बताया कि कार्यकर्ता जवाहर नगर स्थित 77 संसदीय क्षेत्र के जनसंपर्क कार्यालय की ओर जा रहे थे, लेकिन मैदागिन स्थित पार्टी कार्यालय के बाहर भारी पुलिस बल ने उन्हें आगे बढ़ने से रोक दिया। उन्होंने कहा कि कार्यकर्ता हाथों में तख्तियां और संविधान की प्रस्तावना लेकर लोकतांत्रिक तरीके से मार्च कर रहे थे। प्रशासन द्वारा आगे बढ़ने की अनुमति न मिलने पर कार्यकर्ताओं ने राष्ट्रपति महोदया को संबोधित ज्ञापन अधिकृत अधिकारी को सौंप दिया।

महानगर कांग्रेस अध्यक्ष राघवेंद्र चौबे ने कहा कि शांतिपूर्ण एवं संवैधानिक मार्च को रोकना सरकार की असहिष्णु मानसिकता को दर्शाता है और यह लोकतंत्र की मूल भावना के विपरीत है। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष की आवाज दबाने का प्रयास किया जा रहा है, जिसे देश का युवा स्वीकार नहीं करेगा।

युवा कांग्रेस अध्यक्ष चंचल शर्मा ने कहा कि लोकतंत्र में शांतिपूर्ण विरोध युवाओं का मौलिक अधिकार है। उन्होंने आरोप लगाया कि एआई समिट के दौरान भारतीय युवा कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने शालीनता से अपनी मांगें रखीं, इसके बावजूद कई कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया। उन्होंने भारतीय युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष उदयभानु चिब की गिरफ्तारी को भी चिंताजनक बताते हुए कहा कि यह कार्रवाई लोकतांत्रिक परंपराओं के विरुद्ध है।

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