बैतूल , जनवरी 08 -- मध्यप्रदेश के बैतूल जिला अस्पताल में 19 करोड़ रुपये की लागत से नवनिर्मित क्रिटिकल केयर यूनिट में लगाई गई लिफ्ट लंबे समय बाद भी दुरुस्त नहीं की जा सकी है।
ठेकेदार द्वारा इसे सुधारने में लापरवाही बरती जा रही है, जिससे भवन के हैंडओवर पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।
दावा किया गया था कि क्रिटिकल केयर यूनिट में भारी वजन उठाने वाली आधुनिक लिफ्ट लगाई गई है, लेकिन हकीकत यह है कि लिफ्ट एक व्यक्ति या मरीज का भी वजन नहीं सह पा रही है। लिफ्ट का सेंसर एक व्यक्ति के खड़े होते ही ओवरलोड दिखाने लगता है।
हालांकि यह भवन लगभग एक माह पूर्व स्वास्थ्य विभाग को हैंडओवर कर दिया गया है, लेकिन अब भी कई व्यवस्थाएं अधूरी हैं। जब इस संबंध में ठेकेदार सुरेंद्र खत्री से चर्चा की गई तो उन्होंने कहा कि भवन सौंपा जा चुका है, अब इसकी जिम्मेदारी स्वास्थ्य विभाग की है।
वहीं, सीएमएचओ डॉ. मनोज हुरमाड़े ने कहा कि लिफ्ट की समस्या पर ध्यान दिया जा रहा है और इसे जल्द बेहतर कराने का प्रयास किया जाएगा।
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