रामनगर , दिसंबर 05 -- उत्तराखंड के रामनगर स्थित कॉर्बेट टाइगर रिजर्व के निदेशक डॉ. साकेत बड़ोला के निर्देशन में कॉर्बेट वन्यजीव प्रशिक्षण केंद्र, कालागढ़ में अखिल भारतीय बाघ गणना विषय पर एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया।
कार्यशाला में कालागढ़ एसडीओ बिंदर पाल द्वारा उपस्थित अतिथियों एवं वन विभाग के कर्मचारियों का स्वागत किया गया।
कार्यशाला में शोधकर्ता शाहबाज, आरिफ अंसारी और प्रेमा तिवारी ने प्रतिभागियों को बाघों के वासस्थल, खोज पत्र भरने की प्रक्रिया, कैमरा ट्रैप और ट्रांजेक्ट लाइन तकनीक की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बाघों की उपस्थिति और उनकी गतिविधियों के वैज्ञानिक आकलन की प्रक्रिया को सरल भाषा में समझाया।
इसके बाद कालागढ़, झिरना और ढेला रेंज के कर्मचारियों को कालागढ़ रेंज के लकड़घाट बीट क्षेत्र में तीन टीमों में विभाजित कर फील्ड प्रशिक्षण दिया गया। इस दौरान प्रतिभागियों को ट्रांजेक्ट लाइन तैयार करने, संरक्षण और सर्वेक्षण की व्यावहारिक जानकारी दी गई।
एसडीओ बिंदर पाल ने बाघ गणना के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि यह न केवल बाघों की संख्या जानने का माध्यम है, बल्कि उनके संरक्षण और वन्यजीवों के प्रति जागरूकता बढ़ाने का भी महत्वपूर्ण प्रयास है।
कार्यशाला में रेंजर नंदकिशोर रूबाली, भारत सिंह रावत, महेश चंद्र जोशी, रक्षित पांडे, सुनील कुमार, किशोर चंद्र शर्मा सहित बड़ी संख्या में वन कर्मी उपस्थित रहे।
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