तिरुवनंतपुरम , दिसंबर 17 -- केरल राज्य ऊर्जा संरक्षण पुरस्कार 2025 में भाग लेने वाले संस्थानों और संगठनों ने मिलकर 24.9 करोड़ यूनिट बिजली और 841 टन ईंधन की बचत की है।

विभिन्न क्षेत्रों में ऊर्जा दक्षता को बढ़ावा देने के लिए केरल सरकार द्वारा स्थापित इन पुरस्कारों का समन्वय ऊर्जा प्रबंधन केन्द्र(ईएमसी) द्वारा किया जाता है और पुरस्कारों के लिए चयन सरकार द्वारा नियुक्त एक राज्य स्तरीय चयन समिति द्वारा किया गया।

इस वर्ष सात श्रेणियों के तहत आवेदन आमंत्रित किए गए थे जिनमें बड़े उर्जा उपभोक्ता , मध्यम उर्जा उपभोक्ता, छोटे उर्जा उपभोक्ता, इमारत, संस्थान, उर्जा दक्षता वाले उत्पादों को बढ़ावा देने वाले और 'आर्किटेक्ट्स एंड ग्रीन बिल्डिंग कंसल्टेंसीज' शामिल हैं। इस साल कुल 90 आवेदन प्राप्त हुए थे।

बड़े उर्जा उपभोक्ता श्रेणी में एर्नाकुलम स्थित कोचीन शिपयार्ड लिमिटेड ने एक लाख रुपये के नकद पुरस्कार के साथ मुख्य पुरस्कार जीता। कोझिकोड स्थित पीके स्टील कास्टिंग्स प्राइवेट लिमिटेड और तिरुवनंतपुरम स्थित त्रावणकोर टाइटेनियम प्रोडक्ट्स लिमिटेड को मेरिट सर्टिफिकेट प्रदान किए गए।

मध्यम उर्जा उपभोक्ता श्रेणी के तहत, अलाप्पुझा स्थित वीकेएल सीजनिंग्स प्राइवेट लिमिटेड और मिल्मा कन्नूर डेयरी (एमआरसीएमपीयू लिमिटेड) ने मेरिट सर्टिफिकेट प्राप्त किए।

छोटे उर्जा उपभोक्ता श्रेणी में, कोझिकोड स्थित फॉर्च्यून इलास्टोमर्स प्राइवेट लिमिटेड ने एक लाख रुपये के नकद पुरस्कार के साथ पुरस्कार हासिल कियाइमारत श्रेणी में, तिरुवनंतपुरम इंटरनेशनल एयरपोर्ट लिमिटेड ने एक लाख रुपये का नकद पुरस्कार और मुख्य पुरस्कार जीता, जबकि कुमारकोम स्थित कोकोनट लैगून को मेरिट सर्टिफिकेट मिला।

संस्थान श्रेणी में केरल विश्वविद्यालय ने एक लाख रुपये के नकद पुरस्कार के साथ मुख्य पुरस्कार अपने नाम किया। कलामसेरी स्थित राजगिरी कॉलेज ऑफ सोशल साइंसेज को मेरिट सर्टिफिकेट दिया गया।

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