रायसेन , अप्रैल 12 -- केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने रायसेन में आयोजित उन्नत कृषि महोत्सव में सीहोर, रायसेन, विदिशा और देवास जिलों के लिए समग्र कृषि रोडमैप जारी करते हुए टिकाऊ और लाभकारी खेती पर जोर दिया।

उन्होंने कहा कि केवल उत्पादन बढ़ाना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि सही फसल चयन और संसाधनों के अनुरूप वैज्ञानिक खेती अपनाना आवश्यक है। इस दौरान उन्होंने इंटीग्रेटेड फार्मिंग मॉडल का अवलोकन कर किसानों से संवाद भी किया।

केंद्रीय मंत्री ने बताया कि इन जिलों के लिए तैयार रोडमैप में जल प्रबंधन, फसल विविधीकरण, उत्पादकता वृद्धि, वैल्यू एडिशन और बाजार से बेहतर जुड़ाव पर विशेष फोकस किया गया है। उन्होंने कहा कि गेहूं, धान और सोयाबीन जैसी पारंपरिक फसलों पर निर्भरता कम कर सब्जियों और फलों सहित वैकल्पिक फसलों को बढ़ावा देने की आवश्यकता है।

उन्होंने वैज्ञानिक खेती को बढ़ावा देते हुए सॉइल हेल्थ कार्ड के उपयोग पर जोर दिया और बताया कि किसानों की सुविधा के लिए सॉइल मोबाइल एप भी उपलब्ध कराया गया है, जिससे वे अपने खेत के अनुसार उर्वरक की सही मात्रा निर्धारित कर सकते हैं।

चौहान ने कहा कि हर ब्लॉक में 'बीज ग्राम' विकसित किए जाएंगे, जिससे किसानों को उच्च गुणवत्ता वाले बीज उपलब्ध हो सकें और उत्पादन में लगभग 20 प्रतिशत तक वृद्धि संभव हो। इसके साथ ही क्लीन प्लांट सेंटर, मशीन बैंक और कस्टम हायरिंग सेंटर स्थापित कर किसानों को आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।

उन्होंने कृषि अवसंरचना को मजबूत करने के लिए कोल्ड स्टोरेज, पैक हाउस और कोल्ड चेन के विस्तार पर भी जोर दिया। साथ ही किसान उत्पादक संगठनों को मजबूत बनाकर समूह आधारित खेती को बढ़ावा देने की आवश्यकता बताई।

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