भोपाल , अप्रैल 01 -- मध्यप्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने किसानों से जुड़े मुद्दों पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर उनसे आग्रह किया है कि राज्य की मंडियों में गेहूं के लिए बारदाने का पर्याप्त प्रबंध कराया जाए, नहीं तो वे कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान के भोपाल निवास के सामने उपवास पर बैठेंगे।

श्री पटवारी के कार्यालय की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा है कि मध्यप्रदेश में रबी विपणन वर्ष के तहत गेहूं की सरकारी खरीद का ढिंढोरा पीटा जा रहा है और लाखों मीट्रिक टन गेहूं उपार्जन का भारी-भरकम लक्ष्य भी तय कर दिया गया है, लेकिन, जमीनी हकीकत यह है कि किसानों की गाढ़ी कमाई का गेहूं भरने के लिए राज्य सरकार के पास 'बारदाने' (बोरे) ही नहीं हैं। किसान अपनी फसल लेकर मंडियों में खुले आसमान के नीचे बैठा है और प्रशासन व्यवस्था का रोना रो रहा है।

उन्होंने कहा कि देश के वर्तमान कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री रह चुके हैं, लेकिन उनके गृह राज्य में किसान बोरों के लिए तरस रहे हैं। प्रदेश के किसानों के साथ यह कोई पहला छलावा नहीं है। बीते विधानसभा चुनावों के दौरान भारतीय जनता पार्टी ने किसानों से 2700 रुपये प्रति क्विंटल की दर से गेहूं खरीदने का लोकलुभावन वादा किया था। सत्ता में आते ही उस वादे को भुलाकर किसानों के साथ जो धोखाधड़ी की गई है, वह किसी से छिपी नहीं है।

श्री पटवारी ने आरोप लगाया कि उपज खरीदने के लिए सरकार के पास बारदाने उपलब्ध नहीं हैं। किसानों के धैर्य की परीक्षा ली जा रही है। आग्रह है कि केंद्र और राज्य सरकार में समन्वय और मध्यप्रदेश की मंडियों में गेहूं के लिए बारदाने का पर्याप्त प्रबंध करवाया जाए।

इसके साथ ही उन्होंने कहा कि ऐसा नहीं होने पर वे स्वयं श्री चौहान के भोपाल स्थित निवास के समक्ष उपवास पर बैठेंगे।

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