कोलकाता , दिसंबर 20 -- प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने यहां एक विशेष धन शोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए) अदालत में ऑनलाइन गेमिंग ऐप फिविन मामले में एक पूरक आरोपपत्र दायर किया है।
ईडी के सूत्रों के मुताबिक उत्कर्ष आर्य और सुजीत कुमार झा को 400 करोड़ रुपये के अपराध की कमाई को छिपाने, रखने और हासिल करने में शामिल होने को लेकर आरोपी बनाया गया है। उन्होंने बताया कि सुजीत कुमार झा के मालिकाना हक वाली कम से कम 12 कंपनियां फिविन गेमिंग ऐप संचालकों द्वारा जेनरेट किए गए अवधारणा का सबूत (पीएसी) को छिपाने और इसे वैध व्यापारिक आय के रूप में दिखाने के लिए कॉर्पोरेट ढांचा के तौर पर इस्तेमाल करने से फायदा उठा रही थीं।
गौरतलब है कि अवैध गेमिंग ऐप, फिविन2020 में कोविड काल के दौरान अस्तित्व में आया और जून, 2023 तक चला। इस गेमिंग ऐप को जल्दी और आसानी से पैसे कमाने वाले ऐप के तौर पर पेश किया गया था और इसे यूट्यूब, फेसबुक और दूसरे डिजिटल तरीकों से मार्केट किया गया था। इस ऐप में माइनस्वीपर, कलर प्रेडिक्शन जैसे आसान गेम थे, जो पूरी तरह से किस्मत पर आधारित थे, जिसमें खिलाड़ी के कौशल की कोई भूमिका नहीं थी।
ईडी ने कोलकाता के कोसीपोर थाने में भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) 1860 की अलग-अलग धाराओं के तहत इस मामले में अज्ञात लोगों के खिलाफ दर्ज प्राथमिकी के आधार पर जांच शुरू की। ईडी की जांच में यह भी पता चला कि कुछ चीनी नागरिक भारतीय नागरिकों की मदद और सहोयग से इस ऐप को चला रहे थे। आरोपी व्यक्ति और उनसे जुड़ी कंपनियां चीनी नागरिकों के साथ पीओसी का लेन-देन करते थे। ये लोग क्रिप्टोकरेंसी के ज़रिए चीनी नागरिकों को पैसे भेजते और उनसे पैसे लेते थे। फिविन ऐप के ज़रिए भोले-भाले ऑनलाइन गेमर्स से जुटाए गए पैसे अलग-अलग लोगों (जिन्हें "रिचार्ज पर्सन" कहा जाता है) के बैंक खातों में जमा किए जाते थे, जिन्होंने कुछ कमीशन के बदले ऐप मालिकों को अपने खातों का इस्तेमाल करने की इजाज़त दी थी।
जांच में पता चला कि फिविन ऐप धोखाधड़ी से लगभग 400 करोड़ रुपये कमाए गए और चीनी नागरिकों के नाम पर बिनेंस वॉलेट में जमा किए गए। ये चीनी नागरिक डिजिटल प्लेटफॉर्म, खासकर टेलीग्राम ग्रुप के ज़रिए आरोपी व्यक्तियों से बात करते थे और उन्हें निर्देश देते थे। इससे पहले जांच के दौरान ईडी ने इस मामले में 25.78 करोड़ रुपये की संपत्ति जब्त की थी। हवाला कारोबार के अन्य आरोपी जोसेफ स्टालिन, चेतन प्रकाश और आलोक कुमार साहू को गिरफ्तार किया है।
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