भरतपुर , फरवरी 04 -- राजस्थान कालेज एज्युकेशन सोसायटी योजना के तहत राज्य में संचालित महाविद्यालयों में संविदा नियुक्तियों की चयन प्रक्रिया पर तत्काल रोक लगाने की मांग को लेकर बुधवार को भरतपुर संभाग के सवाईमाधोपुर, करौली एवं गंगापुरसिटी में अखिल भारतीय राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ, राजस्थान (उच्च शिक्षा) (एआईएनईएफ) की राजकीय महाविद्यालय इकाईयों की तरफ से विरोध प्रदर्शन करके जिला प्रशासन को ज्ञापन सौंपा गया।

ज्ञापन में कहा गया है कि इस योजना के तहत संचालित महाविद्यालयों में स्थायी अकादमिक ढांचे का अभाव है। पर्याप्त अधोसंरचना, संसाधनों की कमी और शोध और नवाचार की सीमित संभावनाओं के कारण यह व्यवस्था राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 की भावना के अनुरूप नहीं है। संगठन ने आशंका जताई है कि संविदा और अस्थायी नियुक्तियों पर आधारित अध्यापन व्यवस्था से उच्च शिक्षा की गुणवत्ता, अकादमिक निरंतरता और बहुविषयक विकास प्रभावित होगा।

महासंघ ने इस योजना को उच्च शिक्षा के लिए गंभीर और दूरगामी नुकसानदायक बताते हुए चेतावनी दी है कि समय रहते निर्णय नहीं लिया गया तो संगठन लोकतांत्रिक और आंदोलनात्मक रास्ता अपनाने को बाध्य होगा।

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